चाईबासा : तांतनगर प्रखंड के रुतासाई गांव निवासी गुरु गोप की 16 वर्षीय पुत्री सह 10वीं की छात्रा वर्षा गोप की इलाज के दौरान मौत हो गयी. घटना से घर और पूरे गांव में कोहराम मच गया है. बताया जाता है कि उसे ए पॉजिटिव ब्लड की जरूरत थी, लेकिन सदर अस्पताल से उपलब्ध नहीं हो सका.
चाईबासा के मुंधडा अस्पताल में भर्ती कराया गया
जानकारी के अनुसार, बीमार वर्षा को चाईबासा के मुंधडा अस्पताल में भर्ती कराया गया. अस्पताल के संचालक डॉ. विजय मुंधडा ने बताया - बच्ची को दो दिन पूर्व आइसीयू में भर्ती कराया गया था. जांच में उसे वायरल मायोकार्डराइटिस (हार्ट की मांसपेशी में सूजन) होने की बात सामने आयी थी. उसे बचपन से थैलेसीमिया की भी शिकायत थी. डॉ. मुंधडा ने बताया - अस्पताल लाने से पहले परिजन उसे कहीं और दिखा कर लाये थे, जहां उसे 18 बोतल सलाइन (पानी) चढ़ाया गया था. अस्पताल में भर्ती के दौरान उसका हार्ट रेट 140 पहुंच गया था और उसे सीपीआर दिया जा रहा था.
समय पर ब्लड की मांग क्यों नहीं की गयी
सिविल सर्जनउधर, सदर अस्पताल की सिविल सर्जन मीना कालुंडिया ने बताया - उन्हें सूचना मिली थी कि बच्ची मुंधडा अस्पताल में भर्ती थी. ब्लड के लिए परिजन ब्लड बैंक आये थे. 'ए पॉजिटिव' ब्लड की मांग की थी. उस समय ब्लड बैंक में 'ए पॉजिटिव' ब्लड उपलब्ध नहीं था. उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि समय रहते ब्लड की मांग क्यों नहीं की गयी थी.
गांव में छाया मातम, स्कूल की सहेलियां भी पहुंचीं
छात्रा का शव पैतृक गांव रुतासाई पहुंचते ही पूरा गांव रूदन-क्रंदन से गूंज उठा. मृतका की मां और सगे-संबंधियों का रो-रोकर बुरा हाल है. सूचना मिलते ही पास के सरकारी स्कूल की छात्राएं भी मृतका के घर पहुंच गयीं, जिनकी आंखें अपनी साथी की असामयिक मौत पर नम थीं.
