Chaibasa News : प्रकाशोत्सव: प्रकाश पर्व पर गुरुवाणी से संगत हुई निहाल

एक साथ पंगत में बैठकर हजारों लोगों ने लंगर ग्रहण किया

चाईबासा. चाईबासा के गुरुनानक दरबार में बुधवार को सिख समाज ने गुरुनानक देव की जयंती को प्रकाशोत्सव के रूप में धूमधाम से मनाया. गुरुग्रंथ साहिब की अगुवाई में चल रहे 48 घंटे की अखंड पाठ की समाप्ति हुई. इसके उपरांत निशान साहिब को पानी एवं दूध से नहलाकर नया चोला पहनाकर सामूहिक रूप से अरदास की गयी. इस दौरान छोटे-छोटे बच्चों द्वारा शबद-कीर्तन किया गया. इस मौके पर बड़ी संख्या में सिख समुदाय के बच्चे, बुजुर्ग, महिला एवं पुरुष सहित दूर-दराज की संगतों ने शामिल होकर गुरुनानक दरबार में मत्था टेका.

कलाकारों ने शबद कीर्तन से सभी का मन मोहा:

जमशेदपुर से आये हरिशरण सिंह, सुपुत्री अमृत कौर, पुत्र ओंकार सिंह ने संगीत के साजों के साथ अपनी मधुर आवाज में गुरुवाणी के शबद कीर्तन कर उपस्थित सभी का मन मोह लिया. प्रकाश पर्व पर गुरुवाणी से संगत निहाल हो गयी.

गुरुनानक देव में विश्व में शांति का संदेश दिया : गुरुमुख सिंह खोखर

श्री गुरुसिंह सभा के अध्यक्ष गुरमुख सिंह खोखर ने समूह साध संगत को गुरुनानक देव के प्रकाश गुरु परब की लख-लख बधाइयां दी. उन्होंने कहा कि गुरुनानक देव ने पूरे विश्व में आपसी भाईचारगी और शांति का संदेश दिया. गुरु पर्व में श्री गुरु सिंह सभा, स्त्री सत्संग सभा तथा युवा खालसा के सदस्यों की अहम भूमिका रही. अरदास के बाद गुरु को लंगर बरताया गया. इसमें सभी समाज के लोगों ने एक साथ पंगत में बैठकर लंगर ग्रहण किया. इस गुरु परब में चाईबासा के अलावा झींकपानी, केशरगढ़िया, राजखरसावां की संगत शामिल हुई.

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Author: ATUL PATHAK

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