Chaibasa: चंपुआ ब्लॉक के भुइयांपुर स्थित हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर के कर्मचारियों की लापरवाही के कारण पूरे दिन अस्पताल के मुख्य गेट पर ताला लटका रहा. ग्रामीणों के अनुसार, अस्पताल का गेट बंद करके अधिकारियों और डॉक्टरों के चले जाने की यह कोई पहली घटना नहीं है. इस अस्पताल पर तीन पंचायतों (भुइयांपुर, पडुआ और जाली) की एक बड़ी आबादी निर्भर है. ताला लटका होने के कारण ग्रामीणों को छोटे-मोटे प्राथमिक उपचार के लिए भी 10 से 15 किलोमीटर दूर भंडा, चंपुआ या क्योंझर जाने को मजबूर होना पड़ रहा है.
ड्यूटी से नदारद रहे कर्मचारी
वेलनेस सेंटर में दिनभर कर्मचारी नदारद रहे. नियमतः डॉक्टर की अनुपस्थिति में भी इमरजेंसी सेवाओं के लिए स्टाफ का होना अनिवार्य है, लेकिन यहां पूरा परिसर ही बंद मिला. इस संबंध में जब भंडा सीएचसी के चिकित्सा अधिकारी डॉ ओम प्रकाश बारिक से संपर्क करने की कोशिश की गई, तो उनसे बात नहीं हो सकी. अस्पताल की इस व्यवस्था को लेकर स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है. ग्रामीणों ने मांग की है कि ड्यूटी से गायब रहने वाले कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई की जाये. सुनिश्चित किया जाए कि अस्पताल का गेट वर्किंग ऑवर्स के दौरान कभी बंद न हो. स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारी अचानक निरीक्षण कर व्यवस्था में सुधार लायें.
ये भी पढ़ें…
आदिवासी दिशोम जाहेरगाढ़ सीनी में मनाया गया बाहा पर्व, डॉ मीरा मुंडा मुख्य अतिथि
झारखंड में चांडिल के आरिफ टार्जन का कमाल, मारुति 800 को बना दिया लैंबॉर्गिनी एवेंटाडोर
