बोकारो के कसमार प्रखंड में बुधवार को एक लोमड़ी के लगातार हमलों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना गया है. नावाडीह, बगदा, टांगटोना, पुरनी बगियारी, रघुनाथपुर और लालमटिया समेत विभिन्न गांवों में लोमड़ी के हमले में अब तक 12 लोगों के घायल होने की सूचना है.
इनमें साढ़े चार साल की बच्ची से लेकर 75 वर्षीया महिला तक शामिल हैं. कई घायलों का इलाज सीएचसी कसमार में कराया गया, जबकि गंभीर रूप से घायल एक व्यक्ति को बोकारो सदर अस्पताल रेफर किया गया.
नावाडीह में बच्ची पर किया हमला
पहली घटना नावाडीह गांव की है, जहां बुधवार सुबह घर के बाहर खेल रही निर्मल महतो की साढ़े चार साल की बेटी रूही कुमारी पर लोमड़ी ने हमला कर दिया. हमले में बच्ची के चेहरे पर गंभीर चोटें आयीं. सुबह करीब साढ़े सात बजे नहाने के बाद रूही घर के दरवाजे के सामने खेल रही थी. इसी दौरान अचानक लोमड़ी पहुंची और उस पर झपट पड़ी.
नावाडीह में हुई दो घटनाएंं
नावाडीह में ही राहुल महतो (32) भी लोमड़ी के हमले में घायल हुए हैं. वहीं बगदा के सागर कुमार स्वर्णकार (47) भी हमले का शिकार हुए. टांगटोना में राधा महतो (75), लालमणि देवी (30) और पार्वती देवी (30) के घायल होने की जानकारी है. पुरनी बगियारी के राकेश कुमार महतो (10) तथा लालमटिया की बुधनी देवी (33) भी हमले में जख्मी हुई हैं.
रघुनाथपुर में भी हुए कई हमले
रघुनाथपुर में लोमड़ी के हमले की कई घटनाएं सामने आयीं. स्व गणेश महतो की पत्नी झालुवा देवी (65) पर हमला होने के बाद उन्हें बचाने पहुंचे दुर्गाचरण महतो के बेटे अनूप कुमार महतो (34) पर भी लोमड़ी ने हमला कर घायल कर दिया.
इसी गांव में स्नान कर लौट रही अजीत महतो की बेटी जुली कुमारी (17) को भी लोमड़ी ने घायल कर दिया. ग्रामीणों के अनुसार वीरेंद्र करमाली की एक गाय पर भी लोमड़ी ने हमला कर उसे जख्मी कर दिया.
खेत में ग्रामीणों पर हमले के दौरान घेरकर मारा
लगातार हमलों से परेशान होकर ग्रामीण उस समय एकजुट हो गये, जब लोमड़ी खेत में काम कर रहे लोगों पर हमला करने की कोशिश कर रहा था. ग्रामीणों ने आत्मरक्षा में उसे चारों ओर से घेर कर मार डाला. इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली. लगातार हमलों के कारण कई गांवों में लोग अपने बच्चों और बुजुर्गों को लेकर विशेष रूप से सतर्क हो गये थे.
