Bokaro News : रेल रोको आंदोलन को लेकर बढ़ायी गयी चौकसी

Bokaro News : जिला बल, आरपीएफ, जीआरपी अलर्ट मोड पर, चंद्रपुरा बोकारो रेलखंड पर विशेष निगरानी कर रही है पुलिस.

बोकारो, रेल रोको आंदोलन के मद्देनजर बरकाकाना गोमो सीआइसी रेलखंड पर फोर्स की चौकसी बढ़ा दी गयी है. रेलखंड सामरिक व आर्थिक दृष्टिकोण से देश का महत्वपूर्ण रेलखंड है, इसके जरिये कोयले की अत्यधिक ढुलाई की जाती है. इसके अलावा शक्तिपुंज, जम्मूतवी जैसी सुपरफास्ट ट्रेनों व चोपन एक्सप्रेस का परिचालन भी इसी रूट से होता है. ऐसे में जिला पुलिस आरपीएफ व जीआरपी का इस महत्वपूर्ण रेलखंड पर ट्रेनों का परिचालन सुचारू रखने चुनौती है.

कुड़मी संगठनों के पूर्व घोषित रेल रोको आंदोलन को देखते हुए ट्रेनों के सुचारू परिचालन के लिए फोर्स प्रतिनियुक्त कर दिये गये हैं. इधर चंद्रपुरा बोकारो रेलखंड पर भी धारदार आंदोलन की संभावना संभावित है. इसे देखते हुए एसपी हरविंदर सिंह ने अतिरिक्त बल को प्रतिनियुक्त किया है. बोकारो रेलवे स्टेशन पर बालीडीह इंस्पेक्टर नवीन कुमार सिंह के नेतृत्व में फोर्स तैनात रहेगी. आरपीएफ इंस्पेक्टर संतोष सिंह भी 50 सशस्त्र बल के साथ निगरानी रखेंगे. साथ में जीआरपी की फोर्स भी मौजूद रहेगी. चंद्रपुरा पुलिस को बेरमो एसडीपीओ बीएन सिंह के निगरानी में विशेष अलर्ट पर रखा गया है. आरपीएफ-जीआरपी को भी खास सतर्कता बरतने के निर्देश दिये गये हैं.

सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाना दंडनीय अपराध : एसडीओ

बोकारो, चास अनुमंडल पदाधिकारी प्रांजल ढांडा व बेरमो अनुमंडल पदाधिकारी मुकेश मछुआ ने शुक्रवार को अलग-अलग बयान जारी कर आमजनों को चेतावनी दी है कि सार्वजनिक संपत्ति को क्षति पहुंचाना एक गंभीर अपराध है और ऐसा करने वालों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जायेगी. उन्होंने कहा कि उच्चतम न्यायालय के आदेशानुसार व सार्वजनिक संपत्ति विरूपण अधिनियम/लोक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम, 1984 के तहत किसी भी प्रकार की सरकारी या सार्वजनिक संपत्ति का नुकसान करना दंडनीय अपराध है. बताया कि यह कानून रेलवे संपत्ति, सरकारी प्लांट, उद्योग एवं उपक्रम, शैक्षणिक एवं सरकारी संस्थान, रेलवे स्टेशन, सरकारी भवन, केंद्र एवं राज्य सरकार की संपत्तियों पर लागू है. यह अधिनियम संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने पर कठोर दंड का प्रावधान करता है. सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के विरुद्ध तत्काल गिरफ्तारी की जायेगी. दोषी पाये जाने पर कारावास की सजा सहित अन्य कठोर दंड दिये जायेंगे. कानून-व्यवस्था बिगाड़ने या अराजकता फैलाने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जायेगा. चास अनुमंडल पदाधिकारी व बेरमो अनुमंडल पदाधिकारी ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी स्थिति में कानून का उल्लंघन न करें और सामाजिक सौहार्द एवं शांति बनाए रखें.

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