बोकारो, जिले में तीन फरवरी से मैट्रिक व इंटरमीडिएट परीक्षा की शुरुआत होगी. मैट्रिक की परीक्षा 62 केंद्रों पर आयोजित की जायेगी. इस परीक्षा में कुल 24,528 छात्र-छात्राएं शामिल होंगे. वहीं, इंटरमीडिएट परीक्षा 46 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जायेगी, जिसमें कुल 22,340 परीक्षार्थी सम्मिलित होंगे. झारखंड अधिविद्य परिषद (जैक) रांची की ओर से आयोजित होने वाली वार्षिक माध्यमिक व इंटरमीडिएट (कला, विज्ञान एवं वाणिज्य) परीक्षा-2026 की तैयारियों को लेकर शुक्रवार को शिबू सोरेन स्मृति भवन (टाउन हॉल) में बैठक हुई. अध्यक्षता डीडीसी शताब्दी मजूमदार ने की. डीडीसी ने कहा कि परीक्षा संचालन में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी. कहा कि परीक्षा विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ी अत्यंत महत्वपूर्ण परीक्षा है, इसलिए इसकी गरिमा बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है.
केंद्राधीक्षकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण
डीडीसी ने कहा कि परीक्षा केंद्राधीक्षक परीक्षा व्यवस्था की रीढ़ होते हैं. केंद्राधीक्षक यह सुनिश्चित करें कि केंद्र पर प्रतिनियुक्त सभी वीक्षक, केंद्रकर्मी, सुरक्षा बल व अन्य कर्मियों को पहचान पत्र उपलब्ध कराया जाए. बिना पहचान पत्र के किसी भी व्यक्ति का प्रवेश परीक्षा केंद्र परिसर में न हो, ताकि सुरक्षा और अनुशासन कायम रखा जा सके. उन्होंने छात्र-छात्राओं को किसी भी प्रकार की असुविधा से बचाने के लिए निर्देश दिया कि सिटिंग प्लान परीक्षा केंद्र के मुख्य द्वार, केंद्र परिसर/मैदान में अलग-अलग तथा प्रत्येक परीक्षा कक्ष के बाहर स्पष्ट एवं पठनीय रुप में चस्पा किया जाये.
निरंतर निगरानी और खैरियत प्रतिवेदन अनिवार्य
डीडीसी ने कहा कि सभी परीक्षा केंद्रों से ससमय खैरियत प्रतिवेदन जिला मुख्यालय को उपलब्ध कराया जाना अनिवार्य है. डीइओ को परीक्षा नियंत्रण कक्ष को पूरी तरह सक्रिय रखने तथा सभी केंद्रों से लगातार संपर्क में रहने का निर्देश दिया. किसी भी आपात स्थिति, तकनीकी समस्या या विधि-व्यवस्था से जुड़े मामले में तत्काल सूचना देकर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जायेगी. मौके पर अपर समाहर्ता मो मुमताज अंसारी, डीइओ जगरनाथ लोहरा, डीएसइ अतुल कुमार चौबे, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी अविनाश कुमार सिंह समेत सभी बीडीओ, सीओ, प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी, परीक्षा केंद्राधीक्षक, शिक्षा विभाग के पदाधिकारी व अन्य संबंधित कर्मी उपस्थित रहे.
