समाहरणालय सभागार में शनिवार को सिविल डिफेंस के छह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने वाले 54 छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया. डीसी अजय नाथ झा ने प्रमाण पत्र दिया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की. कहा कि समाज को सशक्त बनाने का सबसे प्रभावी माध्यम सेवा व प्रशिक्षण है. एक इंसान द्वारा दूसरे इंसान की मदद करना मानवीय मूल्यों की सबसे बड़ी पहचान है. कई लोग दूसरों की सहायता करना चाहते हैं, लेकिन उचित प्रशिक्षण व मार्गदर्शन के अभाव में अपनी भूमिका प्रभावी ढंग से नहीं निभा पाते हैं. ऐसे में सिविल डिफेंस जैसे प्रशिक्षण कार्यक्रम लोगों में आत्मविश्वास पैदा करता है.
प्रशिक्षण कार्यक्रम का होगा विस्तार
कहा कि कई बार आपदा या दुर्घटना की स्थिति में शुरुआती कुछ मिनट बेहद महत्वपूर्ण होते हैं. यदि आसपास मौजूद लोगों को प्राथमिक उपचार, रेस्क्यू व जीवनरक्षक तकनीकों का प्रशिक्षण प्राप्त हो, तो कई जीवन बचाये जा सकते हैं. डीसी ने कहा कि पूरे जिला में इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम का विस्तार किया जाना चाहिए. सभी प्रखंड में प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया जाये. मौके पर जिला योजना पदाधिकारी राज शर्मा, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा सुचिता किरण, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी अविनाश कुमार सिंह, सिविल डिफेंस के डिविजनल वार्डेन एसपी वर्मा, प्रशिक्षक एके सिन्हा आदि मौजूद थे.
