बोकारो से राकेश वर्मा की रिपोर्ट
बोकारो : बोकारो जिले के गोमिया प्रखंड अंतर्गत पचमो पंचायत स्थित ऐतिहासिक झुमरा पहाड़ पर शुक्रवार को एक भालू ने लकड़ी चुनने गए ग्रामीण पर अचानक हमला कर दिया. इस हमले में ग्रामीण आंशिक रूप से घायल हो गया. घटना सीआरपीएफ (CRPF) कैंप के समीप की बताई जा रही है. घटना के बाद से स्थानीय ग्रामीणों में जंगली जानवरों के आतंक को लेकर भारी दहशत का माहौल है.
जंगल में अचानक हुआ हमला, ग्रामीणों ने पहुंचाया अस्पताल
जानकारी के अनुसार, पचमो पंचायत के रहने वाले बद्री महतो शुक्रवार को घरेलू उपयोग के लिए लकड़ी चुनने झुमरा पहाड़ की तरफ गए थे. इसी दौरान सीआरपीएफ कैंप के पास घने जंगल से निकले एक भालू ने उन पर अचानक हमला बोल दिया. बद्री महतो ने किसी तरह शोर मचाकर अपनी जान बचाई. आवाज सुनकर आस-पास के ग्रामीण और मवेशी चरा रहे लोग मौके पर दौड़े, जिन्हें आता देख भालू जंगल की ओर भाग निकला. इसके बाद ग्रामीणों ने आनन-फानन में घायल बद्री महतो को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) गोमिया पहुंचाया.
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प्राथमिक उपचार के बाद भेजे गए घर, स्थिति खतरे से बाहर
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गोमिया के चिकित्सा प्रभारी डॉ. जितेंद्र कुमार ने बताया कि भालू का हमला अचानक हुआ था, जिसमें बद्री महतो को आंशिक चोटें आई हैं. अस्पताल में तैनात डॉ. पूजा द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए उनका समुचित और प्राथमिक उपचार किया गया. चिकित्सा प्रभारी ने स्पष्ट किया कि घायल की स्थिति पूरी तरह खतरे से बाहर है और वह सुरक्षित हैं. अस्पताल में इलाज के बाद परिजनों के विशेष आग्रह पर उन्हें घर भेज दिया गया है, जहां वे स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं.
ग्रामीणों में डर का माहौल, वन विभाग से सुरक्षा की गुहार
इस घटना के बाद से झुमरा पहाड़ और तलहटी में बसे गांवों के लोग बेहद डरे हुए हैं. ग्रामीणों का कहना है कि जीविकोपार्जन और सूखी लकड़ी व अन्य वनोपज के लिए उन्हें आए दिन जंगल जाना पड़ता है, लेकिन जंगली जानवरों के बढ़ते मूवमेंट के कारण अब जान का खतरा बना हुआ है. स्थानीय ग्रामीणों ने वन विभाग के उच्चाधिकारियों से जंगली जानवरों के गांवों की ओर आने पर रोक लगाने और क्षेत्र में गश्त बढ़ाने के लिए ठोस व प्रभावी कदम उठाने की मांग की है.
