बोकारो : बोकारो हवाई अड्डा विस्तारीकरण के लिए अतिक्रमण हटाने का काम तीसरे दिन शुक्रवार को भी जारी रहा. मजे की बात यह कि तीन दिन में हवाई अड्डा की चहारदीवारी के पास वाले इलाके को अतिक्रमण मुक्त कर लेना था, लेकिन ऐसा नहीं हो पाया. वह भी तब जब लोगों की ओर से किसी प्रकार का विरोध नहीं किया गया था. 100 से अधिक झुग्गी-झोपड़ी व दुकान को ध्वस्त किया गया. अब चौथे दिन शनिवार को भी अभियान चलेगा.
शिक्षा के मंदिर को भी तोड़ा गया : गरीबों को नि:शुल्क शिक्षा देने वाली बिरसा मुंडा नि:शुल्क विद्यालय-12 को भी तोड़ दिया गया. इसको लेकर लोगों ने प्रशासन के प्रति नाराजगी भी जाहिर की. लोगों ने स्कूल को अन्यत्र शिफ्ट करने की मांग की. स्कूल में गैर सरकारी चतुर्थ वर्ग कर्मी दाई, रिक्शा चालक समेत अन्य के 300 से अधिक बच्चे पढ़ते थे. संचालक परशुराम राम की माने तो स्कूल के लिए स्थायी जगह की मांग बीएसएल प्रबंधन से कई बार की. हर बार आश्वासन ही मिला. प्रशासन ने स्कूल के लिए जमीन तो नहीं दी, लेकिन स्कूल जरूर तोड़ दिया.
हम जायें तो जायें कहां : तीन दिन के अभियान में 1500 से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं. लोगों ने अपनी आंखों के सामने अपने आशियाने को उजड़ते हुए देखा. जिन लोगों का आशियाना उजड़ा, वे सभी सेक्टर 12 सड़क के डिवाइडर पर ही रात गुजारने को विवश हैं. कई लोग अपने पुराने आवास स्थल पर ही प्लास्टिक की छत बनाकर रात गुजारे. लोगों की माने तो उजाड़ कर विकास कहीं से जायज नहीं है.
