बोकारो : भगवान जगन्नाथ, भाई बलराम व बहन सुभद्रा को सोमवार को पूर्णिमा स्नान कराया गया. 108 घड़ा जल से स्नान कराया गया. स्नान के पूर्व विशेष पूजा-अर्चना की गयी. पहुंडी यात्रा के बाद भगवान को गर्भगृह से निकाल कर स्नान मंडप लाया गया. गणेश स्वरूप धारण करने के बाद भगवान की पूजा की गयी. पूरे दिन पूजा-पाठ का दौर चलता रहा. पूजा के बाद देर शाम पट बंद कर दिया.
दो चक्र में हुई पूजा : पूजा कार्यक्रम दो चक्र में हुआ. पहले चक्र की पूजा अहले सुबह से शुरू होकर दोपहर दो बजे तक हुआ. वहीं शाम को 07:30 बजे से रात 10 बजे तक पूजा की गयी. मंगल आरती, पुष्पांजलि, मंगल आरती के बाद पट अगले 15 दिनों तक के लिए बंद कर दिया गया. अब 15 वें दिन यानी 03 जुलाई को नवयौवन दर्शन के जरिये भगवान भक्तों को दर्शन देंगे.
