भाजपा स्थापना दिवस पर कांग्रेस का हमला, लोकतंत्र और अर्थव्यवस्था पर उठाए सवाल

BJP Foundation Day: भाजपा स्थापना दिवस पर झारखंड कांग्रेस ने कड़ी प्रतिक्रिया दी. राकेश सिन्हा ने भाजपा पर लोकतंत्र, अर्थव्यवस्था और सामाजिक सौहार्द को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया. बेरोजगारी, महंगाई और किसानों की समस्याओं को लेकर सरकार को घेरा गया और आत्ममंथन की अपील भी की गई है. इससे संबंधित पूरी खबर नीचे पढ़ें.

BJP Foundation Day: भारतीय जनता पार्टी के स्थापना दिवस के अवसर पर झारखंड प्रदेश कांग्रेस के महासचिव सह मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने कड़ी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि यह दिन केवल एक राजनीतिक दल के गठन का प्रतीक नहीं, बल्कि बीते वर्षों में लोकतांत्रिक संस्थाओं और संवैधानिक मूल्यों पर हुए हमलों की भी याद दिलाता है.

भाजपा पर मूल सिद्धांतों से भटकने का आरोप

राकेश सिन्हा ने आरोप लगाया कि भाजपा अपने मूल सिद्धांतों (राष्ट्रवाद, सुशासन और पारदर्शिता) से पूरी तरह भटक चुकी है. उन्होंने कहा कि पार्टी की वर्तमान राजनीति केवल विभाजन, ध्रुवीकरण और सत्ता के केंद्रीकरण तक सीमित रह गई है. उनके अनुसार, भाजपा अब जनहित के मुद्दों से दूर होती जा रही है.

अर्थव्यवस्था और बेरोजगारी पर सरकार को घेरा

कांग्रेस ने केंद्र सरकार की आर्थिक नीतियों पर भी सवाल उठाए. सिन्हा ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था गंभीर चुनौतियों का सामना कर रही है. बेरोजगारी अपने चरम पर है और महंगाई लगातार आम जनता की कमर तोड़ रही है. छोटे और मध्यम वर्ग के व्यवसायी भी आर्थिक दबाव में हैं, लेकिन सरकार इन समस्याओं पर ध्यान नहीं दे रही.

‘इवेंट मैनेजमेंट’ की राजनीति का आरोप

कांग्रेस नेता ने कहा कि केंद्र सरकार जमीनी मुद्दों से ध्यान हटाकर केवल प्रचार और इवेंट मैनेजमेंट की राजनीति कर रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार असली समस्याओं को नजरअंदाज कर रही है और केवल छवि निर्माण पर ध्यान दे रही है, जिससे आम जनता की परेशानियां और बढ़ रही हैं.

विपक्ष की आवाज दबाने का आरोप

राकेश सिन्हा ने यह भी कहा कि भाजपा सरकार विपक्ष की आवाज दबाने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है. उनके मुताबिक, इससे लोकतंत्र कमजोर हो रहा है और संस्थाओं की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो रहे हैं. उन्होंने इसे लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा बताया.

सामाजिक सौहार्द पर चिंता जताई

कांग्रेस ने देश के सामाजिक ताने-बाने को लेकर भी चिंता व्यक्त की. सिन्हा ने कहा कि भाजपा की नीतियों के कारण समाज में भाईचारे और एकता को नुकसान पहुंचा है. धर्म और जाति के आधार पर समाज को बांटने की कोशिशें बढ़ रही हैं, जिससे देश की विविधता और समावेशी संस्कृति पर खतरा उत्पन्न हो गया है.

किसानों, युवाओं और मजदूरों के मुद्दे उठाए

कांग्रेस ने किसानों, युवाओं और मजदूरों की समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाया. सिन्हा ने कहा कि किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य नहीं मिल रहा है, जबकि युवा रोजगार के अवसरों के अभाव में परेशान हैं. मजदूर वर्ग भी असुरक्षित महसूस कर रहा है और उनकी समस्याओं पर सरकार पर्याप्त ध्यान नहीं दे रही.

भाजपा से आत्ममंथन की अपील

कांग्रेस ने भाजपा से स्थापना दिवस के अवसर पर आत्ममंथन करने की अपील की. सिन्हा ने कहा कि भाजपा को देश की वास्तविक समस्याओं को समझने और उनके समाधान के लिए ईमानदारी से काम करने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि केवल राजनीतिक लाभ के लिए काम करने से देश का भला नहीं हो सकता.

संविधान और लोकतंत्र की रक्षा का संकल्प

अंत में कांग्रेस ने कहा कि वह देश के संविधान, लोकतंत्र और सामाजिक न्याय की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है. पार्टी ने स्पष्ट किया कि वह जनता के मुद्दों को मजबूती से उठाती रहेगी और सरकार को जवाबदेह बनाएगी.

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सामाजिक सद्भाव की दिशा में काम करने की मांग

कांग्रेस ने भाजपा से आग्रह किया कि वह नफरत और विभाजन की राजनीति छोड़कर विकास, रोजगार और सामाजिक सद्भाव की दिशा में काम करे. पार्टी का कहना है कि देश की असली ताकत उसकी एकता और विविधता में है, और इसी के आधार पर भारत एक मजबूत और समावेशी भविष्य की ओर बढ़ सकता है.

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लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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