बदलाव . शहर में बनेंगे पांच तोरणद्वार, लगेंगे कैंटिलीवर बोर्ड
अब चारों दिशाओं से आनेवाले यात्रियों की नजर हाजीपुर शहर में प्रवेश करने से पहले सड़क पर बने तोरणद्वार पर पड़ेगी, जिस पर लिखा होगा नगर पर्षद हाजीपुर में आपका स्वागत है. आगंतुकों के स्वागत में यह तोरणद्वार न सिर्फ रूट इंडिकेशन देंगे बल्कि यात्रियों को यह आभास दिलायेंगे कि वे गणतंत्र की आदि भूमि वैशाली के जिला मुख्यालय में प्रवेश कर रहे हैं.
हाजीपुर : हाजीपुर शहर की सूरत संवारने की कोशिश कदम दर-कदम आगे बढ़ रही है. शहर में रोशनी, पार्क, पड़ाव और प्रसाधन सुविधाओं के बाद अब विभिन्न स्थानों पर तोरणद्वार बनाने की तैयारी है. अब चारों दिशाओं से आनेवाले यात्रियों की नजर शहर में प्रवेश करने से पहले सड़क पर बने तोरणद्वार पर पड़ेगी, जिस पर लिखा होगा नगर पर्षद हाजीपुर में आपका स्वागत है.
आंगतुकों के स्वागत में तोरणद्वार न सिर्फ रूट इंडिकेशन देंगे बल्कि यात्रियों को यह आभास दिलायेंगे कि वह गणतंत्र की आदि भूमि वैशाली के जिला मुख्यालय में प्रवेश कर रहे हैं. इतना ही नहीं, नगर पर्षद की ओर से शहर के चौक-चौराहों और मोड़ पर कैंटिलीवर बोर्ड भी लगाये जायेंगे. कई प्रमुख स्थानों पर हाइ मास्ट लाइट लगाने की भी योजना है. तोरणद्वारों और हाइ मास्ट लाइटों पर लगभग 74 लाख रुपये खर्च होंगे. यह कार्य जिला शहरी विकास अभिकरण के द्वारा कराया जाना है.
पांच स्थानों पर लगेंगी हाइ मास्ट लाइट, 39 लाख खर्च होंगे : डुडा के द्वारा नगर क्षेत्र के पांच प्रमुख स्थानों पर हाइ मास्ट लाइट लगायी जायेंगी. जानकारी के मुताबिक शहर के अंजानपीर चौक, सुभाष चौक और जढुआ बाजार के साथ ही सदर अस्पताल परिसर में दो स्थानों पर हाइ मास्ट लाइट लगाने की योजना है. इसका टेंडर फाइनल हो चुका है. नगर विकास एवं आवास विभाग से राशि आवंटित होते ही इस पर काम शुरू हो जायेगा.
प्रत्येक स्थल पर हाइ मास्ट लाइट की प्राक्कलित राशि सात लाख 83 हजार एक सौ रुपये है. इस तरह सभी पांच स्थानों पर लगनेवाली लाइटों पर लगभग 39 लाख 15 हजार रुपये खर्च का अनुमान है. मालूम हो कि इसके पहले नगर पर्षद की ओर से शहर के राजेंद्र चौक, गांधी चौक और अनवरपुर चौक पर हाइ मास्ट लाइट लगायी जा चुकी है. डुडा द्वारा लाइट लग जाने के बाद सदर अस्पताल परिसर तो जगमगायेगा ही, शहर के अंजानपीर चौक, सुभाष चौक और जढुआ बाजार भी रोशनी से चमकते नजर आयेंगे.
शहर में भटकना नहीं पड़ेगा बाहरी लोगों को : शहर के किसी भी इलाके में जाने के लिए अपरिचित या बाहरी लोगों को जगह-जगह पता पूछने की जरूरत नहीं पड़ेगी. आनेवाले दिनों में लोगों की यह परेशानी दूर हो जायेगी. इसके लिए शहर के चौक-चौराहों एवं विभिन्न मोड़ पर मार्ग बताने के लिए कैंटिलीवर बोर्ड लगाये जायेंगे. ये बोर्ड ही लोगों को गंतव्य का रास्ता बतायेंगे. नगर पर्षद के द्वारा निकट भविष्य में इस योजना पर काम शुरू किया जायेगा.
तोरणद्वारों व हाइमास्ट लाइटों पर 74 लाख रुपये होंगे खर्च
तोरणद्वार बनवा रहा डुडा, 35 लाख होंगे खर्च
नगर विकास एवं आवास विभाग के निर्देश पर जिला शहरी विकास अभिकरण द्वारा नगर क्षेत्र के विभिन्न मार्गों पर पांच तोरणद्वार बनवाये जा रहे हैं. डुडा के अभियंता ने बताया कि एक तोरणद्वार का इस्टिमेट सात लाख 12 हजार 400 रुपये का है. इस तरह पांचों तोरणद्वारों पर लगभग 35 लाख 62 हजार रुपये खर्च होंगे. प्रत्येक तोरण द्वार की चौड़ाई 12 मीटर होगी. एग्रीमेंट के मुताबिक 15 सितंबर तक इन्हें बना देना है.
अभियंता ने बताया कि तोरणद्वारों का फ्रेम स्ट्रक्चर तैयार है. साइन बोर्ड का काम बाकी है. नगर पर्षद के उपसभापति निकेत कुमार सिन्हा डब्ल्यू ने बताया कि एक तोरणद्वार पटना-हाजीपुर गांधी सेतु मार्ग से कौनहारा घाट बाइपास रोड में गर्दनिया चौक के निकट, दूसरा महनार हाजीपुर रोड में जढुआ के निकट, तीसरा एनएच 103 जंदाहा मार्ग पर औद्योगिक क्षेत्र, लक्ष्मण दास मठ के निकट, चौथा मुजफ्फरपुर से हाजीपुर मार्ग पर राम अशीष चौक के निकट और पांचवां तोरण द्वारा लालगंज रोड में नाका नंबर तीन के निकट बनेगा.
क्या कहते हैं अधिकारी
तोरणद्वार बनने से जहां नगर क्षेत्र का सौंदर्य बढ़ेगा, वहीं शहर में कैंटिलीवर बोर्ड लग जाने से राहगीरों को गंतव्य तक पहुंचने में आसानी होगी. बोर्ड से ही लोगों को विभिन्न स्थानों का इंडिकेशन मिल जायेगा. जहां-तहां पूछताछ करने की नौबत नहीं आयेगी. कई बार तो पूछने पर कुछ लोग उल्टा पता भी बता देते हैं.
ऐसे में परेशानी बढ़ जाती है. इंडिकेशन बोर्ड लग जाने से लोगों को सहूलियत होगी. अगले कुछ महीनों में नगर पर्षद यह काम शुरू करेगा.
निकेत कुमार सिन्हा, उपसभापति, नगर पर्षद
