छातापुर. विश्व यक्ष्मा दिवस के अवसर पर मंगलवार को सीएचसी में टीबी उन्मूलन को लेकर जागरूकता अभियान की शुरुआत की गई. प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ नवीन कुमार, बीएचएम रवींद्र कुमार व सीनियर ट्रीटमेंट सुपरवाइजर ने जागरूकता वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. इस दौरान हाथों में विभिन्न स्लोगन लिखे तख्ती लिए चिकित्सा कर्मी टीबी हारेगा देश जीतेगा आदि नारे लगा रहे थे. रवानगी के मौके पर सीएचसी प्रभारी ने बताया कि जागरूकता वाहन के माध्यम से प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न गांवों में टीबी के लक्षण, बचाव एवं उपचार के प्रति लोगों को जागरूक किया जाएगा. प्रखंड क्षेत्र के करीब साढ़े तीन लाख आबादी के बीच संभावित मरीजों की पहचान के लिए अभियान चलाया जा रहा है. जिसके तहत कम से कम 10 प्रतिशत लोगों की यक्ष्मा जांच सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है. स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार यदि किसी व्यक्ति को 10 दिनों से अधिक समय तक लगातार खांसी, बुखार, वजन में गिरावट, रात में पसीना आना जैसे लक्षण दिखाई दें तो उसे तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आकर स्वास्थ्य जांच कराना चाहिए. समय पर जांच और उपचार से टीबी को पूरी तरह ठीक किया जा सकता है. यह जांच और इलाज सरकारी अस्पतालों में निःशुल्क है. स्वास्थ्य कर्मियों ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि टीबी के लक्षणों को नजरअंदाज न करें और समय पर जांच अवश्य कराएं. जन भागीदारी से ही टीबी उन्मूलन अभियान को सफल बनाया जा सकता है.
टीबी उन्मूलन को लेकर जागरूकता अभियान की शुरुआत
इस दौरान हाथों में विभिन्न स्लोगन लिखे तख्ती लिए चिकित्सा कर्मी टीबी हारेगा देश जीतेगा आदि नारे लगा रहे थे
