अल्बेंडाजोल की 60 हजार गोली खिलाने का लक्ष्य

मैरवा में अल्बेंडाजोल की 60 हजार गोली खिलाने का लक्ष्य निर्धारित है. इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए शिक्षा विभाग, आंगनबाड़ी केंद्र तथा स्वास्थ्य विभाग शामिल है. दवा खिलाने के दौरान छात्रों को किसी तरह की कोई परेशानी नही हो इसके लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में क्विक रिस्पांस टीम का गठन किया गया है

प्रतिनिधि,मैरवा. मैरवा में अल्बेंडाजोल की 60 हजार गोली खिलाने का लक्ष्य निर्धारित है. इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए शिक्षा विभाग, आंगनबाड़ी केंद्र तथा स्वास्थ्य विभाग शामिल है. दवा खिलाने के दौरान छात्रों को किसी तरह की कोई परेशानी नही हो इसके लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में क्विक रिस्पांस टीम का गठन किया गया है और कंट्रोल रूम भी बनाया गया है. राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस 16 सितंबर को छात्र और छात्राओं को अल्बेंडाजोल की गोली खिलाया जायेगा. हेल्थ मैनेजर शाहिद अली ने बताया कि एक से दो साल के बच्चों को अल्बेंडाजोल की आधी गोली चूरा बनाकर पानी के साथ घोल कर चम्मच से खिलाया जायेगा. दो से तीन साल के बच्चों को एक गोली चूरा बनाकर पानी के साथ घोल बनाकर चम्मच से खिलाया जायेगा. तीन से उन्नीस साल तक के लोगों को एक गोली चबाकर पानी के साथ खाना है. एक से पांच वर्ष तक के बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्र तथा छह से उन्नीस वर्ष के बच्चों को स्कूलों में शिक्षक द्वारा खिलाया जायेगा. वहीं छूटे हुए बच्चों को 19 सितंबर को माप अप दिवस के दिन अल्बेंडाजोल की गोली खिलाया जायेगा. बीआरसी में किया गया शिक्षकों के बीच दवा का वितरण शुक्रवार को गुठनी मोड़ स्थित बीआरसी सभागार में अल्बेंडाजोल की दवा का वितरण निजी और सरकारी स्कूलों के शिक्षको के बीच किया गया. सभी स्कूलों के शिक्षकों के साथ बैठक आयोजित कर छात्र संख्या अनुसार दवा दिया गया. प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी धीरेंद्र ओझा ने बताया कि सरकारी तथा निजी स्कूलों के छात्र अल्बेंडाजोल की दवा खाएंगे. इसके साथ ही शिक्षको को निर्देश दिया कि खाली पेट तथा किसी तरह की बीमारी होने पर वैसे छात्र को चिन्हित कर दवा नहीं खिलाएंगे .

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Author: DEEPAK MISHRA

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