Siwan News: सीवान जिले के शहरी क्षेत्रों को आधुनिक और व्यवस्थित बनाने की दिशा में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं को गति मिलने वाली है. वर्षों से भूमि और प्रशासनिक अड़चनों के कारण रुकी योजनाओं को अब तेजी से पूरा करने की तैयारी है. सबसे अहम फैसला सभी नगर निकायों के लिए पचरुखी प्रखंड में क्लस्टर आधारित कॉमन सैनिटरी लैंडफिल साइट विकसित करने का लिया गया है. इससे ठोस कचरा प्रबंधन की समस्या का स्थायी समाधान होगा और पर्यावरण संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी.
नगर परिषद सीवान परियोजनाओं के लिए सबसे अधिक तैयार
समीक्षा में पाया गया कि नगर परिषद सीवान सम्राट अशोक भवन, मटेरियल रिकवरी फैसिलिटी (एमआरएफ), कम्पोस्ट प्लांट, सैनिटरी लैंडफिल साइट (एसएलएफ), एसटीपी सह एफएसटीपी, सार्वजनिक शौचालय और मोक्षधाम जैसी अधिकांश परियोजनाओं के लिए पूरी तरह तैयार है, क्योंकि यहां आवश्यक भूमि उपलब्ध है.
वहीं, आंदर, बसंतपुर और गोपालपुर नगर पंचायतों में कुछ परियोजनाएं भूमि उपलब्ध नहीं होने के कारण लंबित हैं. प्रशासन ने एक सप्ताह के भीतर भूमि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया तेज करने का निर्देश दिया है.
अब बंद टिपर से होगी कचरे की ढुलाई
शहरी स्वच्छता व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए अब खुले टिपर की जगह क्लोज्ड टिपर से कचरे का परिवहन किया जाएगा. इससे सड़क पर कचरा फैलने की समस्या खत्म होगी. जिन नगर निकायों में ऐसे वाहन उपलब्ध नहीं हैं, वहां जल्द खरीद प्रक्रिया पूरी की जाएगी.
आधुनिक कचरा यार्ड और क्लस्टर मॉडल पर जोर
प्रत्येक नगर निकाय में आधुनिक कचरा यार्ड विकसित किए जाएंगे. साथ ही संसाधनों के बेहतर उपयोग के लिए गोपालपुर नगर पंचायत को हसनपुरा और गुठनी को मैरवा के साथ टैग करने की योजना बनाई गई है.
हर वार्ड तक पहुंचेगा पाइपलाइन से पानी
पेयजल व्यवस्था के विस्तार के तहत जिन वार्डों और मोहल्लों में अब तक पाइपलाइन नहीं पहुंची है, वहां नई पाइपलाइन बिछाई जाएगी. महाराजगंज नगर पंचायत के नए जुड़े वार्डों को भी जल्द पेयजल नेटवर्क से जोड़ा जाएगा.
स्ट्रीट लाइट परियोजना में आएगी तेजी
शहरों को बेहतर रोशनी उपलब्ध कराने के लिए स्ट्रीट लाइट परियोजना को भी गति दी जाएगी. नगर परिषद सीवान में प्राक्कलन तैयार किया जा रहा है, जबकि आंदर, गुठनी, मैरवा, बड़हरिया और गोपालपुर में प्रक्रिया विभिन्न चरणों में चल रही है.
नए प्रशासनिक भवनों का भी होगा निर्माण
नगर परिषद सीवान और नगर पंचायत आंदर में नए प्रशासनिक भवनों के निर्माण की निविदा प्रक्रिया पूरी हो चुकी है. वहीं बड़हरिया, बसंतपुर और गुठनी में भी भवन निर्माण की प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है. इनके बनने से नागरिक सेवाएं अधिक सुगम और प्रभावी होंगी.
