सीवान: शहर में 25 जुलाई को बंद के दौरान हुई गोलीबारी और हिंसा की घटना के बाद मंगलवार को दरभंगा प्रक्षेत्र के डीआईजी मनोज कुमार तिवारी के सीवान पहुंचने पर चर्चाओं का बाजार गर्म रहा. प्रशासनिक महकमे में चर्चा रही कि बिहार बंद के दौरान हुई पुलिस फायरिंग के मामले की जांच को लेकर डीआईजी सीवान पहुंचे हैं.
जानकारों के अनुसार, डीआईजी ने जेपी चौक, गांधी मैदान सहित अन्य स्थानों पर पहुंचकर घटना से जुड़े विभिन्न घटनाक्रम की जानकारी ली. इस दौरान पुलिस अधीक्षक पूरन कुमार झा सहित जिले के कई वरीय पुलिस अधिकारी मौजूद रहे.
घटनास्थल का किया निरीक्षण
डीआईजी ने सबसे पहले घटनास्थल का निरीक्षण कर वहां पुलिस की तैनाती, पथराव और गोलीबारी की परिस्थितियों की जानकारी ली. उन्होंने अधिकारियों से घटना के क्रम, पुलिस की ओर से की गयी कार्रवाई और उसके बाद उठाये गये कदमों के संबंध में विस्तार से जानकारी प्राप्त की.
निरीक्षण के दौरान घटनास्थल पर तैनात पुलिस पदाधिकारियों से भी पूछताछ की गयी. इसके बाद डीआईजी ने घटना के दौरान तैयार किये गये वीडियो फुटेज, सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग, ड्रोन फुटेज तथा अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के संबंध में जानकारी ली.
जांच के लिए आने की बात से प्रशासन का इनकार
हालांकि, 25 जुलाई को हुई गोलीबारी की घटना की जांच के सिलसिले में डीआईजी के सीवान आने की चर्चा के बीच प्रशासन की ओर से ऐसी किसी जांच की पुष्टि नहीं की गयी.
खुद दरभंगा प्रक्षेत्र के डीआईजी मनोज कुमार तिवारी ने सीवान आने के संबंध में कहा, "मैं निजी दौरे पर सीवान आया हूं."
डीआईजी के इस बयान के बाद भी उनके सीवान दौरे को लेकर पुलिस महकमे और शहर में तरह-तरह की चर्चाएं जारी रहीं.
इसे भी पढ़ें: बिहार में शिक्षकों के लिए नई एसओपी जारी, ट्रांसफर से पहले ये 5 बातें जानना जरूरी
