Siwan News : सरकारी प्रारंभिक विद्यालयों में कक्षा एक से आठ तक की अर्द्धवार्षिक मूल्यांकन परीक्षा संपन्न होने के बाद सोमवार, 21 सितंबर से उत्तरपुस्तिकाओं की जांच शुरू हो गयी. प्रखंड के सभी 30 संकुल संसाधन केंद्रों (सीआरसी) पर मूल्यांकन का कार्य शुरू किया गया है. इसके लिए शिक्षकों को प्रतिनियुक्त किया गया है. प्रतिनियुक्त शिक्षक संकुल केंद्रों पर पहुंचकर कक्षा एक से आठ तक के विद्यार्थियों की उत्तरपुस्तिकाओं का विषयवार मूल्यांकन कर रहे हैं.
30 संकुल संसाधन केंद्रों पर शुरू हुआ मूल्यांकन
प्रखंड के सभी 30 सीआरसी पर उत्तरपुस्तिकाओं की जांच के लिए शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति की गयी है. विभागीय निर्देश के अनुसार निर्धारित व्यवस्था के तहत कॉपियों का मूल्यांकन किया जा रहा है. मूल्यांकन के दौरान विद्यार्थियों की उत्तरपुस्तिकाओं की जांच के साथ प्राप्तांकों का भी संधारण किया जा रहा है, ताकि उनके शैक्षणिक प्रदर्शन का सही आकलन किया जा सके.
भामोपाली सीआरसी में 18 शिक्षक कर रहे मूल्यांकन
मध्य विद्यालय भामोपाली स्थित भामोपाली सीआरसी में संचालक मुश्ताक अहमद और समन्वयक डॉ श्यामदेव प्रसाद यादव की देखरेख में सोमवार की सुबह से उत्तरपुस्तिकाओं की जांच शुरू हुई. यहां मध्य विद्यालय भामोपाली, यूएमएस लक्ष्मीपुर, पीएस मननपुरा, पीएस पुरैना, पीएस कुड़वां-2, एनपीएस कुतुबछपरा और एनपीएस पुरैना एससी टोला के शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति की गयी है.
इस केंद्र पर शिक्षक वीरेंद्र सिंह, सीमा कुमारी, संजीव कुमार, पंकज कुमार, वंदना शुक्ला, मो निजामुद्दीन, शारदा देवी, कुमारी रीता, ललन सिंह, ईशांत कुमार सहित 18 शिक्षक उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन में जुटे हैं.
स्कूल वाइज की जा रही कॉपियों की जांच
सीआरसी समन्वयक डॉ श्यामदेव यादव ने बताया कि केंद्र पर स्कूल वाइज उत्तरपुस्तिकाओं की जांच की जा रही है. सभी शिक्षक निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार कॉपियों का मूल्यांकन कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि विभागीय निर्देश के अनुसार मूल्यांकन कार्य अधिकतम चार कार्यदिवस में पूरा किया जाना है.
इसके तहत 21 सितंबर से शुरू हुआ मूल्यांकन कार्य 24 या 25 सितंबर तक पूरा होने की संभावना है. मूल्यांकन के दौरान विद्यार्थियों के प्राप्तांकों का रिकॉर्ड भी तैयार किया जा रहा है.
मूल्यांकन के बाद तैयार होगा रिपोर्ट कार्ड
उत्तरपुस्तिकाओं की जांच पूरी होने के बाद विद्यार्थियों का प्रगति पत्रक यानी रिपोर्ट कार्ड तैयार किया जायेगा. इसके साथ ही मूल्यांकन प्रतिवेदन भी तैयार कर संबंधित स्तर पर उपलब्ध कराया जायेगा. रिपोर्ट के आधार पर विद्यार्थियों की विषयवार शैक्षणिक प्रगति की समीक्षा की जायेगी.
मूल्यांकन के माध्यम से यह जानकारी प्राप्त होगी कि विद्यार्थियों ने विभिन्न विषयों में कितना अधिगम हासिल किया है और किन विषयों में उन्हें अतिरिक्त सहयोग की आवश्यकता है.
