सीवान: दरौंदा में 64 फीसदी आंगनबाड़ी केंद्र किराये के भवन में, स्थायी भवन की जरूरत

दरौंदा प्रखंड के 215 में से 137 आंगनबाड़ी केंद्र किराये के भवन में चल रहे हैं। स्थायी भवन के अभाव में बच्चों और महिलाओं को हो रही परेशानी, जानें पूरी खबर।

Siwan News : दरौंदा प्रखंड में आंगनबाड़ी केंद्रों की आधारभूत संरचना को लेकर एक अहम तस्वीर सामने आयी है. प्रखंड में संचालित कुल 215 आंगनबाड़ी केंद्रों में 137 केंद्र किराये के भवनों में चल रहे हैं. यानी करीब 64 फीसदी केंद्रों के पास अपना स्थायी भवन नहीं है. ऐसे में बच्चों और लाभार्थियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए स्थायी भवन की जरूरत महसूस की जा रही है.

215 में 137 आंगनबाड़ी केंद्र किराये के भवन में

दरौंदा प्रखंड के कुल 215 आंगनबाड़ी केंद्रों में 137 केंद्र किराये के भवनों में संचालित हो रहे हैं. इससे बड़ी संख्या में केंद्रों को स्थायी आधारभूत संरचना के अभाव में किराये के भवनों पर निर्भर रहना पड़ रहा है. सरकारी भवन उपलब्ध होने से केंद्रों के संचालन में सुविधा बढ़ने के साथ बच्चों के लिए बेहतर शैक्षणिक और पोषण का माहौल तैयार किया जा सकता है.

बच्चों और महिलाओं को मिलती हैं कई जरूरी सेवाएं

आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से छोटे बच्चों को प्रारंभिक शिक्षा, पोषण और स्वास्थ्य संबंधी जानकारी सहित विभिन्न जरूरी सेवाएं उपलब्ध करायी जाती हैं. वहीं गर्भवती और धात्री महिलाओं को भी विभागीय योजनाओं का लाभ इन केंद्रों के माध्यम से दिया जाता है. ऐसे में सुरक्षित और सुविधाजनक भवन की उपलब्धता महत्वपूर्ण है.

स्थायी भवन मिलने से बेहतर होंगी सुविधाएं

विभागीय स्तर पर आंगनबाड़ी केंद्रों के भवन, भूमि, उपकरण और अन्य मूलभूत सुविधाओं की स्थिति का ब्योरा जुटाया जा रहा है. इसी क्रम में किराये के भवन में संचालित केंद्रों की संख्या भी सामने आयी है. अब इन केंद्रों के लिए स्थायी भवन उपलब्ध कराने की दिशा में पहल की उम्मीद बढ़ी है.

बच्चों और लाभार्थियों को मिलेगा सुरक्षित माहौल

स्थायी भवन उपलब्ध होने से आंगनबाड़ी सेवाओं का संचालन अधिक सुचारु हो सकेगा. साथ ही बच्चों, गर्भवती महिलाओं और धात्री महिलाओं को सुरक्षित एवं बेहतर माहौल में योजनाओं का लाभ मिल सकेगा. अब इन केंद्रों को स्थायी आधारभूत संरचना उपलब्ध कराने की दिशा में पहल का इंतजार है.

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By रवींद्र गुप्ता

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