Sitamarhi News: नगर स्थित श्री राधाकृष्ण गोयनका कॉलेज में मंगलवार को स्नातक पंचम सेमेस्टर के छात्र-छात्राओं के लिए "इंटर्नशिप क्यों, कैसे और कहां से करें" विषय पर ओरिएंटेशन कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम में विद्यार्थियों को इंटर्नशिप की प्रक्रिया, नियम और इसके महत्व की विस्तृत जानकारी दी गई.
पंचम सेमेस्टर के छात्रों के लिए इंटर्नशिप अनिवार्य
कार्यक्रम का संयोजन इतिहास विभागाध्यक्ष डॉ. बबिता कुमारी ने किया. उन्होंने बताया कि स्नातक पंचम सेमेस्टर के सभी छात्र-छात्राओं के लिए इंटर्नशिप करना अनिवार्य है.
उन्होंने कहा कि इंटर्नशिप केवल भारत सरकार, बिहार सरकार अथवा सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त एवं निबंधित संस्थानों से ही की जानी चाहिए.
120 घंटे का होगा चार क्रेडिट पाठ्यक्रम
डॉ. बबिता कुमारी ने बताया कि इंटर्नशिप 120 घंटे की अवधि का चार क्रेडिट वाला पाठ्यक्रम है. इसका उद्देश्य विद्यार्थियों में व्यावहारिक ज्ञान के साथ समसामयिक कौशल (स्किल) का विकास करना है.
विशेषज्ञों ने समझाई पूरी प्रक्रिया
कार्यक्रम में बीसीए विभाग के डॉ. नवीन कुमार ने इंटर्नशिप के तकनीकी पहलुओं की जानकारी दी.
वहीं इतिहास विभाग के डॉ. राकेश कुमार और डॉ. तुलसी कुमारी ने इंटर्नशिप की प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज, नियम और इसके महत्व पर विस्तार से चर्चा की.
इस अवसर पर बीसीए विभाग के डॉ. संजय कुमार भी मौजूद रहे.
250 विद्यार्थियों ने लिया हिस्सा
ओरिएंटेशन कार्यक्रम में इतिहास विषय के स्नातक पंचम सेमेस्टर के लगभग 250 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया. विद्यार्थियों ने इंटर्नशिप से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी प्राप्त की और विशेषज्ञों से अपने सवालों के जवाब भी लिए.
