हिलसा : पीएलएफआई (नक्सली संगठन) के टारगेट पर चल रहे हिलसा के आइपीएस नारायण कंट्रक्शन के मालिक सह ठेकेदार के मोबाइल पर लगातार फोन कर लेवी की मांग किये जाने से जहां ठेकेदार की नींद उड़ा कर रख दिया है. वहीं एक बार फिर आगामी 14 मार्च तक लेवी पहुंचाने का मोहलत देते हुए नक्सलियों […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
हिलसा : पीएलएफआई (नक्सली संगठन) के टारगेट पर चल रहे हिलसा के आइपीएस नारायण कंट्रक्शन के मालिक सह ठेकेदार के मोबाइल पर लगातार फोन कर लेवी की मांग किये जाने से जहां ठेकेदार की नींद उड़ा कर रख दिया है. वहीं एक बार फिर आगामी 14 मार्च तक लेवी पहुंचाने का मोहलत देते हुए नक्सलियों ने कहा है
कि समय के अंदर राशि नहीं मिला तो अंजाम भुगतने को तैयार रहने की धमकी दी है. विदित हो कि 19 फरवरी को 3:15 बजे दल्लु बिगहा से सोहरापुर तक सड़क निर्माण करा रहे आइपीएस नारायण कंट्रक्सन के मालिक सह ठेकेदार पंकज कुमार उर्फ रणधीर कुमार के मोबाइल पर 9572725103 नंबर से फोन आया था और अपने आपको को पीएलएफआइ (नक्सली संगठन) के बिहार राज्य सुप्रीम गणेश शंकर बताते हुए सड़क निर्माण कार्य के प्राकलित राशि से पांच प्रतिशत रंगदारी की मांग किया था.
रंगदारी नहीं देने पर जान माल की क्षति पहुंंचाने का धमकी दिया था. ठेकेदार के द्वारा हिलसा थाना में कांड संख्या 73/16 के तहत गणेश शंकर के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराया था. जहां प्रशासन द्वारा ठेकेदार को एक सुरक्षा बॉडीगार्ड को मुहैया करा दिया. उसके बाद उक्त नंबर से ही फिर 21 फरवरी को ठेकेदार के मोबाइल पर फोन आया और लेवी से संबंधित जवाब मांगा.
परंतु ठोस जवाब नहीं मिलने पर ठेकेदार को 24 घंटे का मोहलत दिया कि लेवी देना है या नहीं जिसका जवाब चाहिए. 22 फरवरी को नक्सली ने फोन पर कहा बरगलाने वाली बात मत किजिए. नहीं तो अंजाम बुरा होगा. हमे जल्द ही ठोस जवाब चाहिए कि आप लेवी दे रहे है या नहीं. 25 फरवरी को नक्सली ने फोन कर ठेकेदार को लेवी देने का अंतिम समय 14 मार्च तक देने का फरमान सुनाया और कहा कि यह समय अंतिम होगा.
हर हाल में निर्धारित समय के अंदर लेवी का पैसा पहुंचा दे नहीं तो आगे आपकी मरजी. लेवी नहीं पहुंचाने पर जान माल की क्षति पहुंचा ने की धमकी दिया. ठेकेदार ने बताया कि प्रशासन द्वारा हमें सिर्फ एक सुरक्षा के लिए बॉडीगार्ड मुहैया करा दिया गया है. परंतु आगे किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं होने से असंतुष्ट है.
दूसरी ओर नक्सलियों द्वारा लगातार फोन कर लेवी का मांग कर रहा है. जिसे हम सभी परिवार काफी भयभीत है. उन्होंने बताया कि निर्माण कार्य में 70 मजूदर काम कर रहा था. परंतु इस धमकी के बाद मजदूरों में भी भय हो गया है. अब महज बहुत कहने पर दस मजदूर काम कर रहा है.