31 दिसंबर तक मौना बाजार से अतिक्रमण हटाने का अल्टीमेटम

कार्रवाई से पहले गरीब दुकानदारों ने वैकल्पिक व्यवस्था की उठाई मांग

सिंचाई विभाग की जमीन से अतिक्रमण हटाने के लिए 85 लोगों को भेजा गया नोटिस प्रतिनिधि, नासरीगंज प्रखंड की धनाव पंचायत अंतर्गत मौना गांव में सिंचाई विभाग की सरकारी भूमि पर अतिक्रमण को लेकर अंचल प्रशासन सख्त हो गया है. अंचलाधिकारी अंचला कुमारी ने लगभग 85 अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी कर आगामी 31 दिसंबर तक भूमि अतिक्रमण मुक्त करने की चेतावनी दी है. नोटिस दो चरणों में भेजी गयी है, जिसमें स्पष्ट किया गया है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर यदि अतिक्रमण स्वत: नहीं हटाया गया, तो विधि सम्मत कार्रवाई की जायेगी. सीओ ने बताया कि मौना गांव में सिंचाई विभाग और जिला परिषद की भूमि पर लोगों द्वारा स्थायी और अस्थायी रूप से अवैध कब्जा कर लिया गया है. दोनों संस्थानों के आग्रह पर अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी की गयी है. उन्होंने स्पष्ट किया कि आहर और पईन जैसे जलस्रोतों पर रास्ते के अलावा किसी भी प्रकार का स्ट्रक्चर निर्माण भी अतिक्रमण की श्रेणी में आयेगा. इधर नोटिस मिलने से प्रभावित दुकानदारों में चिंता बढ़ गयी है. दुकानदार सुरेंद्र प्रसाद गुप्ता, सबिहुल हजाम, सोबराती हजाम, संजय गुप्ता, छोटू खान, डिम्पू साह, इब्राहिम अंसारी, संतोष ठाकुर सहित अन्य ने बताया कि वे ठेला, गुमटी और खोमचा लगाकर अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं. ठंड के मौसम में दुकान हटने से उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा. दुकानदारों ने कहा कि वे अतिक्रमण हटाने के लिए तैयार हैं, लेकिन सरकार यदि दुकान लगाने के लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था कर दे, तो उनकी आजीविका सुरक्षित रह सकती है. दुकान हटने के बाद उनके सामने रोजी-रोटी का गंभीर संकट खड़ा हो जायेगा. सीओ ने लोगों से अपील की है कि वे समय सीमा के भीतर स्वयं अतिक्रमण हटा लें. अन्यथा अतिक्रमण नहीं हटाने की स्थिति में संबंधित अतिक्रमणकारियों पर कानूनी कार्रवाई तय मानी जायेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By ANURAG SHARAN

ANURAG SHARAN is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >