एसपी के जनसंवाद में जमीन विवाद और सड़क हादसों का उठा मुद्दा

SASARAM NEWS.स्थानीय थाना परिसर में रविवार को एसपी रौशन कुमार की मौजूदगी में जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम में जमीनी विवाद का मुद्दा प्रमुख रहा. एसपी ने लोगों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान के उपाय बताए.

फोटो -18 – थाना परिसर में संवाद करते एसपी .प्रतिनिधि, दिनारा स्थानीय थाना परिसर में रविवार को एसपी रौशन कुमार की मौजूदगी में जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम में जमीनी विवाद का मुद्दा प्रमुख रहा. एसपी ने लोगों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान के उपाय बताए. थाना क्षेत्र के नरवर निवासी संतोष कुमार चौबे और सिंटू चौबे के बीच जमीनी विवाद के मामले में एसपी ने कहा कि मौखिक बंटवारे के आधार पर पुलिस कोई निर्णय नहीं ले सकती. जमीन से जुड़े मामलों में स्थानीय सीओ, डीसीएलआर, एसडीएम और न्यायालय के आदेश के अनुसार ही पुलिस कार्रवाई कर सकती है. उन्होंने कहा कि जिस दिन कोर्ट का निर्देश आयेगा, उस दिन कब्जा कराया जायेगा और पुलिस प्रशासन पूरी तरह सहयोग करेगा. इंदौर निवासी जानकी भगत के मामले में उन्होंने कहा कि डीसीएलआर और सीओ की रिपोर्ट स्पष्ट होने के बाद पुलिस किसी प्रकार की गुंडागर्दी नहीं होने देगी. इस दौरान ग्राम हेलहां निवासी नेहा प्रभात ने अपने पति पर प्रताड़ना का आरोप लगाया. उन्होंने बताया कि उनके पति बिहार पुलिस में कांस्टेबल हैं.

थाना के सामने खड़े जब्त वाहनों पर उठे सवाल

जनसंवाद में थाने के सामने खड़े जब्त वाहनों को हटाने का मुद्दा भी उठा. इस पर एसपी ने थानाध्यक्ष को समाधान निकालने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि अगरेढ़, चेनारी, दिनारा, डिहरी समेत जिले के अन्य थानों के सामने जहां संभव होगा, वहां से जब्त वाहनों को जल्द हटाया जायेगा. वहीं लोगों ने क्षेत्र में नशेड़ियों की बढ़ती तादाद पर भी चिंता जतायी. बताया कि दिनारा क्षेत्र मादक पदार्थ और नशेड़ियों का अड्डा बनता जा रहा है. रात के समय घर में घुसने, छिनतई और भय की घटनाएं सामने आ रही हैं.

जिले के तीन बड़े मुद्दे

एसपी ने कहा कि जिले के लिए तीन मुद्दे सबसे अहम हैं—सड़क सुरक्षा, नशा और नाबालिग लड़कियों का घर से भागने का मामला. उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में इंसानों की मौत जानवरों से भी अधिक हो रही है. उन्होंने कहा कि बाइक पर सवार दोनों व्यक्तियों को हेलमेट पहनना चाहिए. नियमों का पालन करने वालों को सम्मानित किया जायेगा. पुलिस का उद्देश्य फाइन करना नहीं, बल्कि लोगों की जान बचाना है. एसपी ने बताया कि पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार औसतन हर महीने करीब 70 नाबालिग लड़कियां घर से भाग जाती हैं. इसका मुख्य कारण अभिभावकों की लापरवाही है. समय पर देखभाल और निगरानी नहीं होने से लड़कियां बहकावे में आ जाती हैं, जिससे पुलिस को कई राज्यों में तलाश करनी पड़ती है.जनसंवाद कार्यक्रम में एएसपी सह अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी संकेत कुमार, पुलिस अंचल निरीक्षक शेर सिंह यादव, प्रशिक्षु डीएसपी सह थानाध्यक्ष समीर कुमार सिंह, एएसएचओ दिनारा विनय कुमार, भानस थानाध्यक्ष विजय बैठा सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By ANURAG SHARAN

ANURAG SHARAN is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >