SASARAM NEWS.ईरान-इस्रायल युद्ध के चलते बिगड़े हालात के बीच सरकार ने घरेलू गैस सिलिंडरों की कीमतों में 60 रुपये की बढ़ोतरी कर दी है. वहीं, बुकिंग के लिए 21 दिन की बाध्यता ने ग्राहकों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं.
By Vikash Kumar | Updated at :
ईरान-इस्रायल युद्ध के बीच घरेलू रसोई गैस के लिए मारामारी, कीमत में 60 रुपये की बढ़ोतरी
गोदामों के बाहर सिलिंडर के लिए लंबी कतार लगीं
चेनारी.
ईरान-इजरायल युद्ध के चलते बिगड़े हालात के बीच सरकार ने घरेलू गैस सिलिंडरों की कीमतों में 60 रुपये की बढ़ोतरी कर दी है. वहीं, बुकिंग के लिए 21 दिन की बाध्यता ने ग्राहकों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. जिन लोगों ने बीते 20 दिनों में सिलिंडर की डिलीवरी ली थी, उनकी बुकिंग नहीं हो रही है. सर्वाधिक दिक्कत शादी-विवाह वाले घरों में हो रही है. इस बीच पेट्रोलियम कंपनियों के जिम्मेदारों का दावा है कि सिलिंडर और पेट्रोलियम पदार्थों की कोई किल्लत नहीं है. लोगों को जमाखोरी और कालाबाजारी से रोकने के लिए सख्ती की गयी है. इधर, इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम ने ग्राहकों के लिए दो बुकिंग के बीच 21 दिनों का अंतर अनिवार्य कर दिया है. टोल फ्री नंबर पर केवल उन्हीं की बुकिंग हो रही है, जिन्होंने 21 दिन पहले रसोई गैस की डिलीवरी ली थी.
गैस न मिलने से घरों की दिनचर्या प्रभावित
नगर पंचायत चेनारी के निवासी विशाल जायसवाल और शंकर गुप्ता ने बताया कि उनके घर में पिछले एक मार्च को सिलिंडर आया था. जानकारी के अनुसार प्रखंड में करीब 32 हजार गैस उपभोक्ता हैं, जो इस समस्या से सीधे प्रभावित हो रहे हैं. गैस न मिलने से घरों की दिनचर्या पूरी तरह प्रभावित हो गयी है. लोग सिलिंडर मिलने की उम्मीद में हर सुबह प्रखंड के विभिन्न गैस गोदामों के बाहर लंबी कतार लगाते हैं. कई बार सिलिंडर खत्म होने की सूचना मिलने पर उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ता है. चेनारी में एक एजेंसी पर पहुंचे नुआंव गांव के अशोक शर्मा ने बताया कि टोल फ्री नंबर पर कॉल कनेक्ट नहीं हो रही थी. लगा कि तकनीकी दिक्कत है. इसलिए पूछताछ करने आये हैं. चेनारी में एक एजेंसी के मालिक का कहना है कि पिछले एक दशक में पहली बार सिलिंडर के लिए लोगों के बीच मारामारी दिख रही है. लोग समझने को तैयार नहीं है कि सिलिंडर की कोई किल्लत नहीं है. हॉकरों से डिलीवरी की पूरी डिटेल ली जा रही है.
बिना डीएसी नंबर के सिलिंडर की डिलीवरी करने पर होगी कार्रवाई
एक गैस एजेंसी के मालिक ने बताया कि जिनके घर में दो-दो सिलिंडर रखे हैं, वे भी नये की डिमांड कर रहे हैं. शादी-विवाह वाले घरों में भी घरेलू सिलिंडर की मांग है. उन्हें कॉमर्शियल सिलिंडर लेने की सलाह दी जा रही है. वहीं, देहात क्षेत्र में सिलिंडर की कालाबाजारी की सूचनाएं भी मिल रही हैं, जहां एक सिलिंडर 1400 से 1600 रुपये में बिक रहा है. कंपनियों की तरफ से डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (डीएसी) जारी नहीं किया जा रहा है और एजेंसियों को चेतावनी दी गयी है कि बिना डीएसी नंबर के सिलिंडर की डिलीवरी करने पर कार्रवाई की जायेगी. शहर के प्रमुख गैस एजेंसियों पर लंबे समय बाद ग्राहकों की भारी भीड़ देखने को मिली.
कहते हैं गैस एजेंसी के अधिकारी
राज मनी एचपी गैस एजेंसी के व्यवस्थापक सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि प्लांट से पर्याप्त मात्रा में सिलिंडर की आपूर्ति नहीं हो पा रही है. सीमित संख्या में ही सिलिंडर मिल रहे हैं, इसलिए सभी उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध कराना संभव नहीं है. रसोई गैस की कोई किल्लत नहीं है. दो बुकिंग के बीच 21 दिन की बाध्यता इसलिए रखी गयी है, ताकि लोग सिलिंडर की कालाबाजारी और जमाखोरी न कर सकें. एजेंसियों को स्पष्ट निर्देश हैं कि बिना डीएसी नंबर किसी भी हालत में सिलिंडर की डिलीवरी न करें.