Saran News : स्थानीय बंद पड़ी चीनी मिल परिसर में रविवार को पुलिस ने खोजी कुत्ते की मदद से घंटों सघन तलाशी अभियान चलाया. पुलिस टीम ने मिल परिसर में भारी टैंक, मलबे, जंगल-झाड़ और कबाड़ के संभावित ठिकानों को खंगाला. इससे दो दिन पूर्व भी एसडीपीओ के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मिल परिसर में गहन छानबीन की थी. हालांकि, खोजी कुत्ते की मदद से की गयी तलाशी के बाद भी लापता व्यक्ति का कोई सुराग नहीं मिल पाया है.
16 सितंबर की रात से मालवाहक टेम्पो समेत लापता हैं अजय
मढ़ौरा खुर्द निवासी अजय सिंह 16 सितंबर की रात से अपने मालवाहक टेम्पो समेत संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हैं. इसी रात बंद चीनी मिल परिसर में लोहे के भारी टैंक और गाडर गिरने की घटना हुई थी. घटना के बाद से अजय के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी है.
इंस्पेक्टर राजकिशोर प्रसाद ने बताया कि पुलिस ने खोजी कुत्ते की मदद से भी मिल परिसर में जांच की, लेकिन अभी तक लापता व्यक्ति का कोई सुराग नहीं मिला है.
बेटे ने थाने में दर्ज करायी शिकायत
अजय सिंह के बेटे अजीत सिंह ने इस संबंध में थाने में शिकायत दर्ज करायी है. आवेदन में बताया गया है कि 16 सितंबर की रात से ही उनके पिता का कोई पता नहीं चल रहा है. आवेदन में कुछ ऐसे लोगों के नाम भी दिये गये हैं, जो पूर्व में अजय सिंह को मालवाहक टेम्पो समेत बुलाते थे.
शिकायत के अनुसार, घटना के बाद से वे लोग भी दिखाई नहीं दे रहे हैं. पुलिस अब इन बिंदुओं को भी जांच में शामिल कर रही है.
लोहे की चोरी के दौरान हादसे की आशंका
बंद पड़ी चीनी मिल में लोहे की चोरी के दौरान हुए हादसे में एक व्यक्ति की दबकर मौत और तीन लोगों के घायल होने की आशंका भी जतायी जा रही है. हालांकि, अभी तक इस संबंध में पुलिस को कोई शव या अन्य ठोस सुराग नहीं मिला है.
पुलिस मिल परिसर में मलबे, भारी लोहे के सामान और अन्य संभावित स्थानों की लगातार जांच कर रही है, ताकि अजय सिंह के संबंध में कोई सुराग मिल सके.
तीन दशक से बंद है चीनी मिल
स्थानीय चीनी मिल करीब तीन दशक से बंद पड़ी है. पिछले कई वर्षों से मिल परिसर कबाड़ चोरों और असामाजिक तत्वों के लिए अवैध गतिविधियों का केंद्र बना हुआ है. परिसर में बड़ी मात्रा में पुराना लोहा, मशीनरी और कबाड़ मौजूद है, जिससे तलाशी अभियान में पुलिस को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
अजय की गतिविधियों और करीबियों की भी जांच
पुलिस इस पूरे मामले की जांच कई बिंदुओं पर कर रही है. इसमें अजय सिंह की घटना से पहले की गतिविधियां, उनके संपर्क में रहने वाले लोगों और उन्हें काम के लिए बुलाने वाले व्यक्तियों की जानकारी जुटायी जा रही है. संदिग्ध गतिविधियों वाले लोगों के बारे में भी पुलिस छानबीन कर रही है.
फिलहाल खोजी कुत्ते की मदद से तलाशी के बावजूद अजय सिंह का कोई सुराग नहीं मिलने से मामला और उलझ गया है. पुलिस का कहना है कि जांच जारी है और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है.
