Jashn-e-Eid-Milad-un-Nabi : छपरा के मर्कजी शिक्षण संस्थान दारुल उलूम नईमिया, जामा मस्जिद साहेबगंज में 26 अगस्त को जश्न-ए-ईद मिलादुन नबी का मुख्य समारोह आयोजित किया जाएगा. इस आयोजन को लेकर रविवार को आयोजन समिति की बैठक हुई, जिसमें कार्यक्रम की तैयारियों और व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई.
आयोजन समिति ने ऐतिहासिक कार्यक्रम का लिया संकल्प
बैठक के बाद मौलाना नेसार अहमद मिस्बाही, प्रिंसिपल मौलाना हामिद रजा, कारी रेयाजुद्दीन, मुर्शिद आलम अमजदी, राहतुन नईम, अजमेरी नईम, वजीर अहमद और फैयाज आलम सहित अन्य सदस्यों ने बताया कि इस वर्ष समारोह को ऐतिहासिक बनाने का निर्णय लिया गया है. साथ ही सभी धार्मिक कार्यक्रम सादगी, सौहार्द और अनुशासन के साथ आयोजित करने की अपील भी की गई.
देशभर के प्रसिद्ध उलेमा और शायर होंगे शामिल
आयोजन समिति के अनुसार दारुल उलूम नईमिया और जामा मस्जिद में आयोजित जलसे में देश के प्रसिद्ध उलेमा, मोकर्रिर और शायर-ए-इस्लाम को आमंत्रित किया जाएगा. ये विद्वान हजरत मोहम्मद (स.अ.) के जीवन, उनके आदर्शों और मानवता, अमन, भाईचारे तथा समानता के संदेश पर अपने विचार रखेंगे, ताकि अधिक से अधिक लोग इस्लाम की मूल शिक्षाओं से परिचित हो सकें.
जिलेभर में दिखेगा ईद मिलादुन नबी का उल्लास
हर वर्ष ईद मिलादुन नबी के अवसर पर जिले की मस्जिदों और घरों को आकर्षक ढंग से सजाया जाता है. रात में धार्मिक जलसे आयोजित होते हैं, जिनमें बड़ी संख्या में लोग शामिल होकर पैगंबर हजरत मोहम्मद (स.अ.) की शिक्षाओं को याद करते हैं.
फज्र की नमाज के बाद निकलेगा जलूस-ए-मोहम्मदी
परंपरा के अनुसार अगले दिन फज्र की नमाज के बाद जलूस-ए-मोहम्मदी निकाला जाएगा. यह जुलूस जामा मस्जिद से शुरू होकर शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए जुमनी मस्जिद और भगवान बाजार पहुंचेगा, जहां सलात-व-सलाम पेश करने के बाद इसका समापन होगा.
