सारण: न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से मंगलवार को पुलिस उपाधीक्षक (यातायात) ने छपरा व्यवहार न्यायालय का निरीक्षण किया. इस दौरान न्यायालय में प्रतिनियुक्त पुलिस पदाधिकारियों एवं पुलिस बलों की सुरक्षा व्यवस्था की गहन समीक्षा की गई और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए.
मुख्य प्रवेश द्वार से लेकर सीसीटीवी तक की जांच
निरीक्षण के दौरान न्यायालय के मुख्य प्रवेश द्वार, कैदी वाहन, सीसीटीवी निगरानी प्रणाली, कैदी उपस्थापन व्यवस्था, कैदी हाजत तथा वायरलेस संचार प्रणाली का बारीकी से निरीक्षण किया गया. साथ ही सुरक्षा ड्यूटी में तैनात पुलिस पदाधिकारियों एवं जवानों की सतर्कता और तैयारियों का भी आकलन किया गया.
सुरक्षा में लापरवाही पर सख्त चेतावनी
पुलिस उपाधीक्षक ने सभी प्रतिनियुक्त पुलिसकर्मियों को निर्देश दिया कि न्यायालय परिसर की सुरक्षा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने ड्यूटी के दौरान पूर्ण सतर्कता, अनुशासन और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने का निर्देश दिया.
संदिग्ध गतिविधियों पर रखें विशेष नजर
डीएसपी ने न्यायालय आने वाले संदिग्ध व्यक्तियों एवं गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखने तथा किसी भी आपात स्थिति में तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि न्यायालय परिसर की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए नियमित रूप से निरीक्षण एवं मॉनिटरिंग की जाएगी, ताकि न्यायिक प्रक्रिया और आम लोगों की सुरक्षा हर हाल में सुनिश्चित की जा सके.
