Samastipur News: समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीननगर प्रखंड से महिलाओं के स्वावलंबन को लेकर एक सकारात्मक खबर सामने आई है . प्रखंड की राजाजान पंचायत में आयोजित 10 दिवसीय मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण कार्यक्रम शनिवार को सफलतापूर्वक संपन्न हो गया . प्रशिक्षण पूरा होने के बाद ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) के मुख्यालय में सभी प्रतिभागी जीविका दीदियों के बीच प्रमाण पत्र का वितरण किया गया . इस पहल से ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार से जुड़ने और अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत करने का एक नया अवसर मिला है .
लाभकारी योजनाओं से सुधर रही महिलाओं की दशा: आरसेटी निदेशक
प्रमाण पत्र वितरण समारोह को संबोधित करते हुए संस्थान के निदेशक पीके सिंह ने कहा कि सरकार द्वारा प्रायोजित विभिन्न लाभकारी योजनाओं के सफल संचालन से आज महिलाएं आत्मनिर्भरता की ओर तेजी से कदम बढ़ा रही हैं . वर्तमान में बिहार की महिलाएं गव्य पालन (डेयरी), मधुमक्खी पालन, मुर्गी पालन और आधुनिक खेती-किसानी जैसे क्षेत्रों में नए आयाम स्थापित कर रही हैं . उन्होंने जोर देकर कहा कि सतत जीवकोपार्जन योजना के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं की सामाजिक और आर्थिक दशा व दिशा में व्यापक तथा अपेक्षित सुधार देखने को मिल रहा है.
प्रशिक्षण की जानकारी को धरातल पर उतारने का आह्वान
कार्यक्रम के दौरान प्रशिक्षक बिट्टू भारती ने सभी जीविका दीदियों से अपील की कि वे 10 दिनों के इस तकनीकी प्रशिक्षण में सीखे गए गुरों और जानकारियों को केवल कागजों तक सीमित न रखें, बल्कि इसे धरातल पर उतारकर मशरूम का व्यावसायिक उत्पादन शुरू करें . इससे उन्हें स्थानीय स्तर पर ही रोजगार मिलेगा और उनकी आय में वृद्धि होगी . इस विशेष मौके पर जेआरपी जयशंकर प्रसाद, रूपमती कुमारी, अशोक कुमार, नीतू कुमारी, सुनील कुमार, पूनम कुमारी सहित बड़ी संख्या में जीविका दीदियां और गणमान्य लोग मौजूद रहे .
