समस्तीपुर: डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा के विश्वविद्यालय पुस्तकालय की ओर से रविवार को नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं के लिए पुस्तकालय अभिमुखीकरण कार्यक्रम आयोजित किया गया. इस दौरान छात्रों के बीच यूजर रजिस्ट्रेशन फॉर्म का वितरण किया गया और उन्हें पुस्तकालय के संसाधनों एवं सेवाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गयी.
ई-बुक्स और ऑनलाइन डेटाबेस की दी गयी जानकारी
कार्यक्रम में छात्रों को ई-ग्रंथालय, सीईआरए, कृषिकोश, जर्नल, ई-बुक्स, थीसिस सेक्शन और रीडिंग रूम की सुविधाओं के बारे में बताया गया. छात्रों को यह भी जानकारी दी गयी कि वे घर बैठे ऑनलाइन डेटाबेस का उपयोग कैसे कर सकते हैं.
इस पहल का उद्देश्य नवप्रवेशित छात्रों को विश्वविद्यालय पुस्तकालय की उपलब्ध सुविधाओं से परिचित कराना और पढ़ाई एवं शोध के लिए डिजिटल संसाधनों का अधिकतम उपयोग करने के लिए प्रेरित करना है.
‘विश्वविद्यालय का हृदय होता है पुस्तकालय’
विश्वविद्यालय पुस्तकाध्यक्ष डॉ. राकेश मणि शर्मा ने बताया कि यह कार्यक्रम कुलपति डॉ. पी. एस. पाण्डेय के निर्देश पर आयोजित किया गया. उन्होंने कहा कि कुलपति छात्रों के सर्वांगीण विकास को लेकर गंभीर हैं.
उन्होंने कहा कि कुलपति डॉ. पी. एस. पाण्डेय का स्पष्ट मानना है कि पुस्तकालय किसी भी विश्वविद्यालय का हृदय होता है. यदि छात्र शिक्षा और शोध में आगे बढ़ना चाहते हैं, तो उन्हें पुस्तकालय से जुड़ना होगा.
पहले दिन से लाइब्रेरी का सदस्य बनाने पर जोर
विश्वविद्यालय की कोशिश है कि हर छात्र पहले दिन से ही लाइब्रेरी का सदस्य बने और उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम लाभ उठाये. इसके लिए कुलपति के निर्देश पर माइलाफ तकनीक भी कार्य कर रही है. इसके माध्यम से छात्र कहीं से भी और कभी भी लाइब्रेरी की पुस्तकों को डिजिटल रूप से एक्सेस कर पढ़ सकते हैं.
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