सहरसा से विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट
Saharsa News: विश्व बाल श्रम निषेध दिवस के अवसर पर शुक्रवार को विद्युत आपूर्ति प्रमंडल सहरसा में शपथ ग्रहण कार्यक्रम का आयोजन किया गया. विद्युत कार्यपालक अभियंता अमित कुमार के नेतृत्व में अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने बाल श्रम उन्मूलन, बच्चों के अधिकारों की रक्षा तथा समाज में जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया. इस दौरान बाल श्रम को समाज और राष्ट्र के विकास में बड़ी बाधा बताते हुए इसे समाप्त करने के लिए सामूहिक प्रयासों पर जोर दिया गया.
बाल श्रम के खिलाफ एकजुट हुआ विद्युत विभाग
कार्यक्रम में उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने शपथ ली कि वे किसी भी रूप में बाल श्रम को बढ़ावा नहीं देंगे और लोगों को इसके दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करेंगे. साथ ही बच्चों को शिक्षा, सुरक्षा और सम्मानजनक जीवन दिलाने के लिए हर संभव प्रयास करने का संकल्प भी लिया गया.
बच्चों का भविष्य बचाना समाज की जिम्मेदारी
विद्युत कार्यपालक अभियंता अमित कुमार ने कहा कि बाल श्रम केवल एक सामाजिक समस्या नहीं बल्कि देश के भविष्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा है. उन्होंने कहा कि जब बच्चे शिक्षा से दूर होकर श्रम कार्यों में लग जाते हैं तो उनका शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास प्रभावित होता है. इसलिए हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, सुरक्षित वातावरण और बेहतर अवसर उपलब्ध कराना हम सभी की जिम्मेदारी है.
शिक्षा से ही बदलेगा बच्चों का भविष्य
प्रशासी पदाधिकारी मनोज कुमार ने कहा कि बच्चे देश का भविष्य हैं और उन्हें स्कूल तक पहुंचाना समाज की प्राथमिक जिम्मेदारी है. उन्होंने कहा कि बाल श्रम को समाप्त कर शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान के माध्यम से ही बच्चों का उज्ज्वल भविष्य सुनिश्चित किया जा सकता है.
अधिकारियों और कर्मचारियों ने लिया संकल्प
कार्यक्रम में विभाग के अधीनस्थ पदाधिकारी राकेश कुमार सिंह, प्रभाष कुमार देव, राजीव रंजन, दिनकर कुमार, हिमांशु सिंह, शीतल कुमारी, अजय कुमार पासवान, दीपक कुमार मोदी, रघुराज सिंह, अशोक कुमार, गौतम कुमार राजा, सुमन कुमारी, आशीष कुमार, इमाउद्दीन अंसारी, कार्तिक कुमार, जय बहादुर भारती सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे. सभी ने बाल श्रम मुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय सहयोग देने का संकल्प लिया.
