शादी की खुशियां मातम में बदली, केनगर में ठनका गिरने से युवती की मौत, जलालगढ़ में एक घायल

केनगर थाना क्षेत्र के इंदिरा नगर डहरिया में अगले महीने उठनी थी डोली, आज उसकी अर्थी उठी है. इंदिरानगर में उस समय चीख-पुकार मच गयी, जब वज्रपात की चपेट में आने से एक युवती की मौत हो गयी.

पूर्णिया से विकास वर्मा की रिपोर्ट:

Purnia News: वज्रपात ने पूर्णिया जिले के केनगर और जलालगढ़ थाना क्षेत्र में कहर बरपाया है. केनगर थाना क्षेत्र के इंदिरा नगर डहरिया में अगले महीने उठनी थी डोली, आज उसकी अर्थी उठी है. इंदिरानगर में उस समय चीख-पुकार मच गयी, जब वज्रपात की चपेट में आने से एक युवती की मौत हो गयी. मृतका के चाचा राकेश ऋषि ने बताया कि मेरे भाई संजय ऋषि की पुत्री सिमरन कुमारी घर आंगन में लगे चापाकल से पानी लेने गयी थी, इसी दौरान ठनका गिर गया. ठनका गिरने से उसी समय सिमरन की मौत हो गयी. फिर भी अनान फानन में जीएमसीएच लेकर पहुंचे जहां डॉक्टर ने मौत होने की पुष्टि की. इसके बाद कागजी प्रक्रिया के बाद पोस्टपार्टम लेकर पहुंचे.

मृतका के चाचा ने बताया कि सिमरन की शादी अगले महीने होने वाली थी. घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं और उत्साह का माहौल था, लेकिन कुदरत को कुछ और ही मंजूर था. आज अचानक हुए वज्रपात (ठनका) ने मेरी भतीजी की जान ले ली. इसस घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गयी. इधर, जिले के जलालगढ़ थाना क्षेत्र के डोकरेल के निवासी कृत्यानंद साह के पुत्र 25 वर्षीय नीलेश कुमार घर के बगल में ही गाय को पानी पिलाने गए थे. इसी दौरान उनके बगल में ठनका गिर गया, जिससे वह बेहोश हो गया, जहां मौजूद लोगों ने जलालगढ़ हॉस्पिटल लेकर पहुंचा, इसके बाद अच्छे उपचार के लिए जीएमसीएच रेफर कर दिया गया. जहां नीलेश का इलाज जारी है.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Shruti Kumari

श्रुति कुमारी एक पत्रकार और डिजिटल कंटेंट राइटर हैं। उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) से अंग्रेजी पत्रकारिता में स्नातकोत्तर डिप्लोमा प्राप्त किया है। वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं। उन्हें विभिन्न प्लाटफॉर्म्स पर डिजिटल पत्रकारिता और कंटेंट राइटिंग का लगभग दो वर्षों का अनुभव है। सामाजिक मुद्दों, महिला सशक्तिकरण, राजनीति, शिक्षा और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लिखना उनकी विशेष रुचि का क्षेत्र है। इसके अलावा वे डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए स्क्रिप्ट राइटिंग करती हैं तथा हिंदी कविता और अंगिका भाषा में लेखन का भी शौक रखती हैं। प्रकृति से उनका विशेष लगाव है और वे मानती हैं कि संवेदनशील, तथ्यपरक और जनसरोकार से जुड़ी पत्रकारिता समाज में सकारात्मक बदलाव का माध्यम बन सकती है।

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >