पूर्णिया. विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर पूर्णिया विश्वविद्यालय में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस अवसर पर विश्वविद्यालय के अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. अरविंद कुमार वर्मा ने विश्वविद्यालय परिसर में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों को संबोधित करते हुए तंबाकू सेवन के दुष्प्रभावों पर विस्तार से प्रकाश डाला. प्रो. वर्मा ने कहा कि तंबाकू का सेवन न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक है, बल्कि यह समाज और परिवार पर भी नकारात्मक प्रभाव डालता है. उन्होंने कहा कि भारत सरकार द्वारा लागू सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम , 2003 के तहत शैक्षणिक संस्थानों में तंबाकू सेवन एवं उससे संबंधित गतिविधियां पूर्णतः प्रतिबंधित हैं. कानून के उल्लंघन की स्थिति में आर्थिक दंड सहित अन्य दंडात्मक कार्रवाई का भी प्रावधान है. उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार से आह्वान किया कि वे स्वयं तंबाकू एवं अन्य नशीले पदार्थों से दूर रहें तथा समाज में भी इसके प्रति जागरूकता फैलाने में सक्रिय भूमिका निभाएं. इस दौरान विश्वविद्यालय, महाविद्यालयों एवं अन्य शैक्षणिक संस्थानों को तंबाकू मुक्त बनाए रखने की आवश्यकता पर विशेष बल दिया गया. विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा तंबाकू निषेध नियमों के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु कुलानुशासक डॉ. उदय नारायण सिंह को अधिकृत किया गया है. उन्हें परिसर में तंबाकू निषेध संबंधी प्रावधानों का अनुपालन सुनिश्चित करने तथा आवश्यकतानुसार आर्थिक दंड अधिरोपित करने का अधिकार प्रदान किया गया है. कार्यक्रम के अंत में विश्वविद्यालय के सभी पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों को तंबाकू एवं अन्य नशीले पदार्थों का सेवन न करने तथा स्वस्थ एवं नशामुक्त जीवन शैली अपनाने की शपथ दिलाई गई. सभी उपस्थित जनों ने तंबाकू मुक्त परिसर एवं स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए सक्रिय सहयोग देने का संकल्प लियाइस अवसर पर विश्वविद्यालय के विभिन्न पदाधिकारी, शिक्षकगण एवं कर्मचारीगण उपस्थित रहे.
पूर्णिया विश्वविद्यालय में विश्व तंबाकू निषेध दिवस को लेकर नशामुक्त जीवन का लिया गया संकल्प
विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर पूर्णिया विश्वविद्यालय में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया.
