पूर्णिया : कोरोना वायरस से प्रभावित चीन से भारत लौटने के बाद पूर्णिया के तीन युवकों को स्वास्थ्य विभाग ने सर्विलांस पर लिया है. तीनों युवक चीन में मेडिकल के छात्र हैं. फिलहाल, तीनों छात्रों को क्रमश: सूरत, दिल्ली और दक्षिण भारत के संगरोधी वार्ड में रखा गया है. 14 दिन के बाद ही यह पुष्ट हो पायेगा कि वे तीनों छात्र कोरोना से पीड़ित हैं या नहीं.
चीन से लौटे जिले के तीन मेडिकल छात्र कोरोना के संदिग्ध रोगी
पूर्णिया : कोरोना वायरस से प्रभावित चीन से भारत लौटने के बाद पूर्णिया के तीन युवकों को स्वास्थ्य विभाग ने सर्विलांस पर लिया है. तीनों युवक चीन में मेडिकल के छात्र हैं. फिलहाल, तीनों छात्रों को क्रमश: सूरत, दिल्ली और दक्षिण भारत के संगरोधी वार्ड में रखा गया है. 14 दिन के बाद ही यह […]

इन छात्रों में दो पूर्णिया शहर का है. ये दोनों छात्र खजांची हाट वार्ड 28 और माधोपाड़ा के निवासी हैं. जबकि तीसरा छात्र जिले के जलालगढ़ प्रखंड के निजगेहुंआ पंचायत का है. इस संबंध में सिविल सर्जन डॉ. मधुसूदन प्रसाद ने बताया कि चीन से लौटे पूर्णिया के तीन छात्रों को बिहार से बाहर भारत के विभिन्न हिस्सों में डिटेंशन सेंटर में रखा गया है. उन्होंने बताया कि तीनों के बारे में अपडेट लिया जा रहा है.
नेपाल की सीमा पर विभाग की निगरानी
सिविल सर्जन डॉ. मधुसूदन प्रसाद ने बताया कि नेपाल के एक व्यक्ति में कोरोना के लक्षण मिले हैं. इसके बाद से पूर्णिया क्षेत्र से सटी नेपाल सीमा पर विशेष निगरानी की जा रही है. सीमा पर ही आने जाने वालों के स्वास्थ्य की जांच की जा रही है.
किसी प्रकार का भ्रम नहीं पालें
सिविल सर्जन डॉ. मधुसूदन प्रसाद ने बताया कि कोरोना वायरस को लेकर गांव-गांव में लोगों को जागरूक किया जा रहा है. यह भी बताया जा रहा है कि प्रभावित जगहों पर आवाजाही करनेवाले को ही कोरोना का खतरा है. इसलिए कोरोना को लेकर किसी प्रकार का भ्रम नहीं पालें. अगर कुछ शंका है तो फौरन नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में संपर्क कर अपनी शंका का निवारण कर लें.
हाल में सर्विलांस पर था रुपौली का व्यक्ति
कुछ दिन पहले चीन से लौटने के बाद पूर्णिया के रूपौली प्रखंड के एक व्यक्ति को मेडिकल सर्विलांस पर लिया गया था. वह अहमदाबाद में अपने परिजनों के साथ है.
मांसाहार से करें परहेज
सिविल सर्जन डॉ. मधुसूदन प्रसाद ने बताया कि चीन में पशु से मनुष्य में कोरोना वायरस का प्रसार हुआ है. इसे देखते हुए ऐहतियात के तौर पर मांसाहार से परहेज करने की सलाह दी जा रही है ताकि किसी भी सूरत में संक्रमण को टाला जा सके.