Patna News: बिहार सरकार की महात्वाकांक्षी योजना ‘मुख्यमंत्री दिव्यांगजन सशक्तिकरण सम्बल योजना’ के तहत सोमवार को मनेर में दिव्यांग बेटियों को डिजिटल दुनिया से जोड़ने की एक बेहद सराहनीय पहल की गई. मनेर प्रखंड कार्यालय परिसर में स्थित अनुमंडल स्तरीय बुनियाद केंद्र में आयोजित एक सादे समारोह के दौरान क्षेत्र की दृष्टि दिव्यांग बालिकाओं के बीच आधुनिक स्मार्टफोन का मुफ्त वितरण किया गया.
छात्राओं को अपने हाथों से स्मार्टफोन सौंपते हुए बुनियाद केंद्र की प्रबंधक सिंधु कुमारी ने कहा कि राज्य सरकार की यह एक बहुत ही संवेदनशील, सराहनीय और प्रेरणादायक पहल है. आज का युग पूरी तरह डिजिटल हो चुका है. ऐसे में शिक्षा के क्षेत्र में डिजिटल तकनीक का सही उपयोग इन विशेष रूप से सक्षम बालिकाओं को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने, उन्हें पूरी तरह आत्मनिर्भर बनाने और उनकी दैनिक पढ़ाई-लिखाई को बेहद आसान व सुगम बनाने में मील का पत्थर साबित होगा.
कई छात्राओं के खिले चेहरे, तकनीक से आसान होगी पढ़ाई
मुख्यमंत्री सम्बल योजना के तहत इस बार मनेर क्षेत्र की चार प्रमुख दृष्टि दिव्यांग छात्राओं का चयन किया गया था. केंद्र प्रबंधक ने संयुक्त रूप से अंजलि कुमारी, कंचन कुमारी, स्वाति कुमारी और नेहा कुमारी को चमचमाते हुए नए स्मार्टफोन सौंपे. मोबाइल फोन हाथ में आते ही इन बालिकाओं के चेहरे पर आत्मसम्मान और खुशी की मुस्कान तैर गई.
विशेषज्ञों ने बताया कि इन आधुनिक स्मार्टफोन्स में विशेष ‘टॉकबैक’ और वॉयस असिस्टेंस फीचर्स दिए गए हैं, जिसके जरिए ये दृष्टि दिव्यांग बालिकाएं अब अपनी स्कूली पढ़ाई, ऑडियो बुक्स, सामान्य ज्ञान और अन्य जरूरी शैक्षणिक जानकारियां स्क्रीन को बिना देखे, आसानी से केवल सुनकर और बोलकर समझ सकेंगी. राहत की बात यह है कि लाभान्वित की गईं ये सभी दृष्टि दिव्यांग छात्राएं वर्तमान में राज्य सरकार द्वारा संचालित प्रतिष्ठित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में रहकर अपनी प्रारंभिक शिक्षा ग्रहण कर रही हैं.
योजना के मुख्य लाभ:
- फ्री स्मार्टफोन: कस्तूरबा गांधी विद्यालय की दृष्टि दिव्यांग छात्राओं को मिला लाभ.
- विशेष फीचर्स: वॉयस कमांड और टॉकबैक तकनीक से सुन और समझ सकेंगी किताबें.
- आत्मनिर्भरता: अब पढ़ाई के लिए दूसरों पर निर्भर रहने की बाध्यता होगी खत्म.
इस गरिमामयी वितरण कार्यक्रम के विशेष अवसर पर कस्तूरबा गांधी विद्यालय और बुनियाद केंद्र से जुड़ी पुष्पा कुमारी, प्रतिमा कुमारी, इंदु कुमारी, अभिनय आनंद, उमेश चंद्र, सविता कुमारी और पवन कुमार मुख्य रूप से उपस्थित रहे. इनके अलावा सुजीत कुमार (अकाउंटेंट) और नोडल विकास मित्र शैलेंद्र कुमार सहित कई गणमान्य सामाजिक कार्यकर्ता और कर्मियों ने मौजूद रहकर बच्चियों का हौसला बढ़ाया.
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