पटना में बढ़ी कोरोना की रफ्तार, एक दिन में मिले चार साल की बच्ची समेत 20 नए मरीज

मंगलवार को पटना में 51 कोरोना संक्रमित मरीज मिलने के बाद बुधवार को भी 20 नये मरीज मिले. कोरोना संक्रमित लोगों की लगातार हो रही बढ़ोतरी ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है

पटना में कोरोना वायरस एक बार फिर बढ़ने लगा है. 24 घंटे के अंदर पटना जिले में 20 नये संक्रमित मिले हैं. इससे एक बार फिर हड़कंप मच गया है. पॉजिटिव मिलने वाले मरीजों में चार पालीगंज की चार वर्षीय बच्ची व बाढ़ा का नौ वर्षीय बच्चा शामिल है. इसके अलावा दीदारगंज, मोकामा, बिक्रम, पालीगंज, बाढ़, दुल्हीनबाजार, फतुआ के अलावा पटना सिटी इलाके के मरीज शामिल है. पॉजिटिव मरीजों में 10 पुरुष व 10 महिलाएं शामिल हैं. जिनकी उम्र चार से 66 वर्ष के बीच की है.

कोरोना के सभी मरीज खतरे से बाहर

सिविल सर्जन डॉ श्रवण कुमार ने कहा कि जो मरीज पॉजिटिव मिले हैं उनमें सबसे अधिक मोकामा और पालीगंज इलाके के हैं. हालांकि सभी मरीज खतरे से बाहर हैं. उन्होंने कहा कि इस बार खांसी, जोड़ों में दर्द की शिकायत वाले मरीजों में यह बीमारी अधिक मिल रही है. इसलिए लक्षण के आधार पर जांच कराने के निर्देश दिये गये हैं.

ग्रामीण इलाके में मिल रहे सबसे अधिक मरीज

इस बार कोरोना में खास बात तो यह है कि इस बार शहर नहीं बल्कि ग्रामीण इलाकों में सबसे अधिक मरीज मिल रहे हैं. बीते पांच दिन के अंदर कुल पॉजिटिव मरीजों में 75 प्रतिशत मरीज ग्रामीण इलाके हैं, शेष मरीज शहर के घनी आबादी वाले पटना सिटी क्षेत्र के हैं.

इन इलाकों में मिले कोरोना मरीज

हालांकि जानकारों की माने तो शहरी क्षेत्र में लक्षण होने के बावजूद मरीजों व डाक्टर कोरोना जांच नहीं करा रहे हैं. बुधवार को जो 20 मरीज मिले हैं, उनमें सबसे अधिक सात मरीज पालीगंज प्रखंड के विभिन्न गांवों के हैं. इसके अलावा पांच मरीज मोकामा प्रखंड व दनियावां के दो-दो, फतुहा, अथमलगोला व दुल्हिन बाजार के एक-एक संक्रमित हैं. पटना शहरी क्षेत्र में सबलपुर व दौलतपुर में एक-एक संक्रमित मिले हैं.

मंगलवार को मिले थे 51 मरीज

वहीं, इससे पहले मंगलवार को पटना जिले के विभिन्न प्रखंडों में जांच के दौरान वहां से कोरोना के 51 मरीज मिले थे. जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया. इसके बाद उन मरीजों का सैंपल के जीनोम की सीक्वेंस की जांच के लिए भेज दिया गया है. पटना जिले में इससे पहले ही कोरोना के नए वेरिएंट जेएन-1 के मरीज पाए गए हैं.

नये वैरिएंट से संक्रमण की ज्यादा संभावना

पिछले साल कोरोना का एक नया वेरिएंट जेएन-1 सामने आया था. इसमें कोरोना संक्रमण पिछले कोरोना संक्रमणों की तुलना में अधिक तेजी से फैलता है. यह ओमीक्रोम वायरस का एक नया प्रकार है लेकिन यह ओमीक्रोम की तुलना में अधिक तेजी से लोगों में संक्रमण फैलाता है. हालांकि, इसका संक्रमण मुंह और गले से शुरू होता है और सिर और पूरे शरीर में दर्द, बुखार, गले में जमाव, सर्दी, खांसी आदि की शिकायत होती है.

हालांकि, शुगर और बीपी के मरीजों को इससे ज्यादा खतरा होता है. पिछले एक हफ्ते में पटना में बड़ी संख्या में कोरोना मरीज सामने आए हैं. हालांकि इस नए चरण के मरीजों में कोरोना के वैरिएंट अभी तक सामने नहीं आए हैं, लेकिन एक साथ बड़ी संख्या में संक्रमण मिलने से स्वास्थ्य विभाग के साथ-साथ आम लोगों को भी यह डरा रहा है. पड़ोसी जिले में संक्रमण को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग जिले के लोगों को सतर्क रहने की सलाह दे रहा है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Anand Shekhar

Dedicated digital media journalist with more than 2 years of experience in Bihar. Started journey of journalism from Prabhat Khabar and currently working as Content Writer.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >