बिहार राजस्व विभाग के एक्शन से मचा हड़कंप, एक महीने में 50 अधिकारियों पर हुई कार्रवाई

Bihar Revenue Department Action: बिहार के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के मामलों पर सरकार ने बड़ी कार्रवाई की है. आठ अधिकारियों और कर्मियों के खिलाफ दंडात्मक एवं विभागीय कार्रवाई को मंजूरी दी गई है. रिश्वत, सरकारी जमीन से जुड़ी गड़बड़ी और प्रशासनिक लापरवाही के मामलों में सख्ती दिखाई गई है.

Bihar Revenue Department Action: बिहार के राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने आठ अंचल अधिकारियों और राजस्व कर्मचारियों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई और विभागीय कार्यवाही को मंजूरी दी है. विभाग ने भ्रष्टाचार, रिश्वतखोरी और दाखिल-खारिज में लापरवाही बरतने के आरोपों में यह कदम उठाया है. पिछले एक महीने के दौरान विभाग कुल 50 अधिकारियों और कर्मियों पर एक्शन ले चुका है.

कर्मचारी की पेंशन परमानेंट बंद

जहानाबाद के रतनीफरीदपुर के तत्कालीन अंचल निरीक्षक संतु कुमार राम को निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया था. इस गंभीर आरोप में उनकी पेंशन में शत-प्रतिशत स्थायी कटौती का दंड दिया गया है. इसके अलावा, रोहतास के करगहर के तत्कालीन प्रभारी अंचल अधिकारी सुरजेश्वर श्रीवास्तव के खिलाफ बिना सूचना लगातार अनुपस्थित रहने के कारण आरोप पत्र गठित किया गया है.

रिश्वत मांगने और ट्रांसफर के बाद म्यूटेशन करने पर कार्रवाई

भागलपुर के नारायणपुर के तत्कालीन अंचल अधिकारी अजय कुमार सरकार के खिलाफ दाखिल-खारिज के बदले 5 लाख रुपये रिश्वत मांगने के आरोप में विभागीय कार्यवाही चल रही है. मधेपुरा के मुरलीगंज के तत्कालीन अंचल अधिकारी जयप्रकाश स्वर्णकार पर ट्रांसफर होने के बाद भी बड़ी संख्या में दाखिल-खारिज मामलों का निपटारा करने का आरोप है, जिसके लिए उनसे जवाब मांगा गया है. रोहतास के डिहरी की तत्कालीन अंचल अधिकारी सीमा रानी के खिलाफ सरकारी भूमि के दस्तावेजों में जालसाजी और म्यूटेशन में गड़बड़ी के आरोपों पर जांच जारी है.

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दस्तावेजों में हेरफेर पर थमा दंड

बांका के बौंसी के तत्कालीन अंचल अधिकारी विजय कुमार गुप्ता और नालंदा के एकंगरसराय के तत्कालीन राजस्व कर्मचारी आमोद कुमार पर एक ही दस्तावेज को पहले अस्वीकृत और बाद में स्वीकृत करने का आरोप है. इस गड़बड़ी के लिए विजय कुमार गुप्ता की पेंशन में दो साल के लिए 10 प्रतिशत कटौती का दंड दिया गया है, जबकि आमोद कुमार से स्पष्टीकरण मांगा गया है. इसी तरह के मामले में बांका के बेलहर के तत्कालीन अंचल अधिकारी नागेन्द्र प्रसाद के खिलाफ भी आरोप पत्र गठित किया गया है.

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Published by: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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