आईआईटी अमहरा थाना क्षेत्र के विलाप गांव स्थित कारगिल वीर आवास सोसायटी में जमीन की कथित फर्जी रजिस्ट्री और करोड़ों रुपये के गबन के मामले में पुलिस ने दिल्ली से एक नामजद आरोपी को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपी की पहचान धर्मेंद्र कुमार उर्फ धर्मेंद्र सिंह, पिता स्वर्गीय हरपाल सिंह, निवासी द्वारका सेक्टर-10, थाना साउथ द्वारका, नई दिल्ली के रूप में हुई है.
पुलिस के अनुसार, मामले में आईआईटी अमहरा थाना कांड संख्या 226/26, दिनांक 5 सितंबर 2026 को बीएनएस की धारा 318(4), 316(2), 338, 336(3) और 3(5) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गयी थी. मामले के अनुसंधानकर्ता सह केस इंचार्ज एसआई राजेश्वर कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने साउथ द्वारका थाना क्षेत्र स्थित आरोपी के आवास पर छापेमारी कर उसे गिरफ्तार किया. छापेमारी के दौरान एसआई राम सहोदर भी पुलिस टीम के साथ मौजूद थे.
दिल्ली से गिरफ्तार कर पटना लाया गया
थाना प्रभारी रौशन कुमार राज ने शुक्रवार रात आरोपी की गिरफ्तारी की पुष्टि की. उन्होंने बताया कि पुलिस टीम ने दिल्ली जाकर धर्मेंद्र कुमार उर्फ धर्मेंद्र सिंह को गिरफ्तार किया. गिरफ्तारी के बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर आरोपी को पटना लाया गया, जहां उसे दानापुर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया. न्यायालय के आदेश पर आरोपी को फुलवारी कारा भेज दिया गया.
69 लोगों की फर्जी रजिस्ट्री का आरोप
मामले में आरोप है कि कारगिल वीर आवास सोसायटी में जमीन दिखाकर करीब 69 लोगों के नाम कथित रूप से फर्जी रजिस्ट्री करायी गयी. इसके माध्यम से करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी और गबन किये जाने का आरोप लगाया गया है. प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है.
दस्तावेज और आर्थिक लेन-देन की जांच
पुलिस फर्जी रजिस्ट्री से जुड़े दस्तावेजों और आर्थिक लेन-देन की जांच कर रही है. साथ ही मामले में नामजद अन्य आरोपियों की भूमिका भी खंगाली जा रही है. पुलिस के अनुसार, अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए भी लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है.
