रामपुर में बाघ ने किया था अटैक अब चैनपुर में तेंदुए के पदचिह्न

मुंडेश्वरी के जंगलों में हो रही तेंदुए की खोज भगवानपुर. कुछ दिन पहले चैनपुर प्रखंड के लोहरा गांव में बाघ ने पांच लोगों को घायल कर दिया. लेकिन, वन विभाग व पटना से आयी रेस्क्यू टीम उसे बाघ नहीं बल्कि तेंदुआ बता रही है. डीएफओ कुंदन कुमार ने बताया कि चैनपुर में लोगों को घायल […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | December 31, 2014 11:04 PM

मुंडेश्वरी के जंगलों में हो रही तेंदुए की खोज भगवानपुर. कुछ दिन पहले चैनपुर प्रखंड के लोहरा गांव में बाघ ने पांच लोगों को घायल कर दिया. लेकिन, वन विभाग व पटना से आयी रेस्क्यू टीम उसे बाघ नहीं बल्कि तेंदुआ बता रही है. डीएफओ कुंदन कुमार ने बताया कि चैनपुर में लोगों को घायल करनेवाला जानवर बाघ नहीं, बल्कि तेंदुआ था. श्री कुमार ने बताया कि जब जानवर के पद चिह्नों को ट्रैक किया गया, तो पता चला कि वह बाघ नहीं तेंदुआ है. उसकी खोज जारी है. बुधवार को वन विभाग की टीम व रेस्क्यू टीम ने मुंडेश्वरी के जंगलों में तेंदुओं को ट्रैक करने की कोशिश की. हालांकि कोई सफलता नहीं मिली. श्री कुमार ने बताया कि तेंदुए के पंजे के निशान के साथ खून के धब्बे भी मिले हैं. अनुमान लगाया जा रहा है कि तेंदुआ घायल है. वहीं, डीएफओ कुंदन कुमार ने बताया कि रामपुर व चैनपुर की घटना में समानता नहीं है. रामपुर में बाघ ने बच्चे पर अटैक किया था. लेकिन, चैनपुर में तेंदुए ने हमला किया.