पटना : जिलों से भी आंध्र की मछलियों का लिया जायेगा सैंपल

पटना : बिहार में आंध्र प्रदेश की मछलियों पर रोक लगाने की प्रक्रिया लगभग पूरी हो गयी है. हाल के दिनों में आंध्र की मछलियों में फार्मेलिन मिलने के बाद अब पटना के अलावा गया, मुजफ्फरपुर, भागलपुर, पूर्णिया व दरभंगा के बाजारों से भी आंध्र की मछलियों का सैंपल उठाया जायेगा और उसे कोलकता स्थित […]

पटना : बिहार में आंध्र प्रदेश की मछलियों पर रोक लगाने की प्रक्रिया लगभग पूरी हो गयी है. हाल के दिनों में आंध्र की मछलियों में फार्मेलिन मिलने के बाद अब पटना के अलावा गया, मुजफ्फरपुर, भागलपुर, पूर्णिया व दरभंगा के बाजारों से भी आंध्र की मछलियों का सैंपल उठाया जायेगा और उसे कोलकता स्थित केंद्रीय लैब में भेजा जायेगा.
जानकारी के मुताबिक पांचों जिलों में जांच के लिए सैंपल उठाने के लिए दिशा-निर्देश भेज दिया गया है और सैंपल उठाने का काम एक से दो दिनों में पूरा भी कर लिया जायेगा. इन जिलों से लगभग 20 से अधिक जगहों से सैंपल उठाया जायेगा, जहां से मछलियों की सप्लाइ पूरे जिले में होती है. इसके लिए बुधवार की देर शाम तक टीम बनाकर काम करने का निर्देश दिया गया है.
बिहार में मछलियों का बढ़ रहा बाजार
बिहार में प्रतिवर्ष 6.42 लाख टन मछली की खपत है. यह प्रत्‍येक वर्ष बढ़ ही रहा है . 2017 व 2018 में खपत 5.87 लाख टन की थी . देखा जाये तो 50 से 60 हजार टन मछलियां सीधे आंध्र से बिहार के बाजार में आती हैं और बिहार में मछलियों का कारोबार अरबों का है.
यह मिली थी शिकायत
बिहार सरकार को मछली में केमिकल फर्मलिन के प्रयोग की शिकायतें मिली थीं . यह फर्मलिन कैंसर रोग की आशंका को जन्म देता है . जानकारी के बाद फर्मलिन के माध्‍यम को प्रिजर्व कर आंध्र प्रदेश से बिहार लायी जा रही मछलियों को लैब जांच के लिए कोलकाता स्थित लैब भेजा गया था. लैब टेस्टिंग की मिली रिपोर्ट में शिकायतें सही पायी गयी हैं.
आंध्र की मछलियों को लेकर मिली शिकायत के बाद कई जगहों से सैंपल उठाया गया और लैब जांच के बाद रिपोर्ट भी पॉजिटिव मिली है. अब पशुपालन विभाग के मंत्री के साथ बैठकर इस संबंध में निर्णय लिया जायेगा. अभी रिपोर्ट का अध्ययन किया जा रहा है.
– मंगल पांडेय, स्वास्थ्य मंत्री.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >