बिहार में 60% आबादी के लिए प्रति साल 11.26 किलो मछली उपलब्ध
राज्य में अब 60 फीसदी आबादी के लिए प्रति वर्ष 11 किलो 26 ग्राम मछलियां उपलब्ध हो गयी हैं.
संवाददाता, पटना राज्य में अब 60 फीसदी आबादी के लिए प्रति वर्ष 11 किलो 26 ग्राम मछलियां उपलब्ध हो गयी हैं. वर्ष 2023-24 में राज्य की 60 प्रतिशत आबादी के लिए छह किलो 464 ग्राम ही मछलियां उपलब्ध थीं. इन दो वर्षों में लगभग दो गुना मछलियां उपलब्ध हो गयी हैं. वर्ष 2022-23 में 8.46 लाख टन मछलियों का ही उत्पादन राज्य में हो रहा था. इसके अगले वर्ष 2023-24 में मछलियों का उत्पादन बढ़कर 8.73 लाख टन हो गया. इस कारण मछलियों की उपलब्धता बढ़ गयी है. 38.38 हजार टन मछलियां हो रहीं निर्यात : पशु व मत्स्य संसाधन विभाग के अनुसार, बिहार से 38.38 टन मछलियों का निर्यात दूसरे राज्यों व देश में हो रहा है. विभाग के अनुसार, नेपाल, सिल्लीगुड़ी, लुधियाना, अमृतसर, वाराणसी, गोरखपुर, देवरिया, कप्तानगंज, रांची और गोड्डा में मछलियों का निर्यात हो रहा है. राज्यसभा में जदयू के सांसद संजय झा ने बिहार में मछली उत्पादन को लेकर सवाल उठाया था. इस पर केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह ऊर्फ ललन सिंह ने बताया था कि बिहार में डिमांड के अनुसार अब 90 फीसदी मछलियां उत्पादित हो रही हैं. इसके अलावा ओड़िशा और बंगाल में मछलियां भेजी जा रही हैं.
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