Nawada News : अकबरपुर प्रखंड की बरेव पंचायत के गढ़ मोहल्ला स्थित मांझी टोला के वार्ड संख्या 7, 8 एवं 9 में महीनों से बंद नल-जल योजना की खबर प्रकाशित होने के चार दिन बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई है. विभाग की ओर से अब तक जलापूर्ति बहाल नहीं कराए जाने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है. वहीं वार्ड संख्या 10 एवं 11 के जोगना मोहल्ले में भी पानी की आपूर्ति बाधित रहने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
नल लगे, लेकिन घरों तक नहीं पहुंच रहा पानी
ग्रामीणों का कहना है कि नल-जल योजना के तहत घरों तक पाइप बिछाकर नल तो लगा दिए गए, लेकिन लंबे समय से पानी की एक बूंद भी नहीं पहुंच रही है. ऐसे में लोगों को दूसरे मोहल्लों और निजी चापाकलों से पानी लाने को मजबूर होना पड़ रहा है. ग्रामीणों का काफी समय केवल पानी की व्यवस्था करने में ही बीत रहा है. पानी की समस्या से खासकर महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को अधिक परेशानी उठानी पड़ रही है. ग्रामीणों ने जल्द से जल्द जलापूर्ति बहाल कराने की मांग की है.
खबर प्रकाशित होने के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
ग्रामीण विजय मांझी ने बताया कि खबर प्रकाशित होने के बाद उम्मीद जगी थी कि विभाग तत्काल संज्ञान लेकर पानी की व्यवस्था करेगा, लेकिन चार दिन बीत जाने के बाद भी नल से पानी नहीं आया. फूल कुमारी ने कहा कि रोजाना पानी के लिए दूसरे मोहल्ले में जाना पड़ता है. वहीं जीरा देवी और पुतुल देवी ने भी विभाग से जल्द जलापूर्ति बहाल कराने की मांग की. ग्रामीणों का कहना है कि पानी जैसी मूलभूत सुविधा के लिए उन्हें लंबे समय से परेशान होना पड़ रहा है.
संवेदक की कार्यप्रणाली की जांच की मांग
ग्रामीणों ने कहा कि सरकार की महत्वाकांक्षी नल-जल योजना पर राशि खर्च होने के बावजूद लोगों को पानी नहीं मिलना गंभीर मामला है. उन्होंने योजना के संवेदक की कार्यप्रणाली की जांच कराने और तत्काल जलापूर्ति शुरू कराने की मांग की है.
तकनीकी समस्या दूर कर जल्द बहाल होगी आपूर्ति : पीएचईडी
पीएचईडी के सहायक एसडीओ ने बताया कि बरेव पंचायत के संबंधित वार्डों में जलापूर्ति बाधित होने की जानकारी विभाग को है. संवेदक को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं. तकनीकी समस्या की जांच कर जल्द से जल्द पानी की आपूर्ति बहाल कराने की कार्रवाई की जा रही है.
Also Read : औरंगाबाद में चार वर्षों से जलजमाव की समस्या से जूझ रहे 300 परिवार, 19 अगस्त को प्रखंड कार्यालय पर धरना
