दो प्रखंडों के प्रभार में बीइओ पांच माह से नहीं मिला वेतन

बच्चों को पढ़ाना व परिवार पालना मुश्किल मोहनिया सदर : जिले के 11 प्रखंडों में कार्यरत छह प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को पिछले जुलाई माह से अब तक यानी पांच माह से वेतन नहीं मिलने से इनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है. स्थिति यह है कि नाम कि नौकरी है जबकि वेतन के अभाव […]

बच्चों को पढ़ाना व परिवार पालना मुश्किल
मोहनिया सदर : जिले के 11 प्रखंडों में कार्यरत छह प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को पिछले जुलाई माह से अब तक यानी पांच माह से वेतन नहीं मिलने से इनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है.
स्थिति यह है कि नाम कि नौकरी है जबकि वेतन के अभाव में बच्चों की पढ़ाई, इलाज से लेकर घर गृहस्थी तक चलाना इनके लिए चुनौती बन गयी है. एक बीइओ ने कहा कि वेतन पर ही हमारे घर का पूरा खर्च निर्भर है. आलम यह है कि फीस के अभाव में ऐसा लग रहा है कि बच्चों का नाम विद्यालय से कट जायेगा.
बच्चे बाहर पढ़ते हैं, उनका खर्च व विद्यालय का फीस कर्ज लेकर दे रहे हैं. आर्थिक तंगी ने घर में भी कलह पैदा कर दिया है. घरवालों की आवश्यकताएं पूरी नहीं हो पाती हैं. एक बीइओ दो-दो प्रखंडों का प्रभार देख रहे हैं. वरीय पदाधिकारी को सारा काम समय पर पूरा हुआ मिलना चाहिए.
यहां तो स्थिति यह है कि एक तो एक दो कार्यालयों का प्रभार देखना पड़ रहा है. कागज से लेकर कलम तक अपने पैसे से खरीद कर देना पड़ता है. पिछले 18 अक्टूबर को जिले में आयोजित समीक्षा बैठक में भी वेतन की मांग उठी तो यह कह दिया गया कि आवंटन नहीं है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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