नवादा (सदर) : जिला मुख्यालय से सटे कादिरगंज ओपी अंर्तगत बेरमी गांव से शनिवार की शाम बरामद शव की जांच पटना से आयी फाेरेंसिक टीम ने की. तीन सदस्यीय टीम ने घटना की बारीकी से जांच करते हुए शव के पास पाये गये देशी कट्टा व कारतूस का भी फोटोग्राफी की. लगभग एक घंटे तक […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
नवादा (सदर) : जिला मुख्यालय से सटे कादिरगंज ओपी अंर्तगत बेरमी गांव से शनिवार की शाम बरामद शव की जांच पटना से आयी फाेरेंसिक टीम ने की. तीन सदस्यीय टीम ने घटना की बारीकी से जांच करते हुए शव के पास पाये गये देशी कट्टा व कारतूस का भी फोटोग्राफी की. लगभग एक घंटे तक टीम के सदस्यों ने घटना स्थल के पास बारीकी से जांच करते हुए कई सामान को अपने साथ ले गयी. इधर, फोरेंसिक जांच भी हो रही थी और इधर,
मृतक संजय महतो उर्फ भोला राम तुफानी के परिजनों ने लिखित आवेदन देकर इसे हत्या नहीं आत्महत्या करार दिया है. सदर एसडीपीओ संजय कुमार पांडेय ने बताया कि मृतक के परिजनों ने ऐसा आवेदन दिया है कि संजय का कुछ दिनों से पत्नी के साथ विवाद चल रहा था.
परिजनों ने भी आशंका के आधार पर बताया है कि उसने देशी पिस्टल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली है. पुलिस सभी मामलों की बारीकी से जांच कर रही है. गौरतलब है कि बेरमी निवासी संजय महतो उर्फ भोला राम तुफानी का शव गांव के ही मंदिर के पास शनिवार की शाम में पाया गया था. मंदिर आयी एक महिला ने शव होने की सूचना ग्रामीणों को दी थी. इसके बाद गांव में हड़कंप मच गया था. गांव में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गयी थी. किसी वारदात की संभावना को देखते हुए पुलिस रात में ही गांव पहुंच कर मामले को हद तक नियंत्रण में किया था. ग्रामीणों का कहना है कि ईंट भट्ठा संचालक संजय महतो हाल ही में जेल से छुट कर आया था. वह धोखाधड़़ी के मामले में कई माह से जेल में बंद था. कई लोग शव मिलने के बाद इसे पंचायत चुनाव के नजर से देख रहे थे. सदर एसडीपीओ ने बताया कि पुलिस सभी बिंदुओं पर बारीकी से जांच कर रही है. कई समाचार पत्रों ने इसे हत्या करार दिया था, परंतु प्रभात खबर ने ही शव मिलने संबंधी खबर प्रकाशित की थी.
शव के पास से मिले कट्टे व कारतूस की फोटोग्राफी के साथ कई सामान साथ ले गयी जांच टीम