कहीं नहीं दिख रहा विकास का काम फोटो-परकरीबरावां/2पकरीबरावां पकरीबरावां की दक्षिणी पंचायत में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर तैयारी जोरों पर है. चौथे चरण में होनेवाले पंचायत चुनाव की तिथि छह मई को तय कर दी गयी है. इस पंचायत में कई दिग्गजों का भविष्य दांव पर है. कुल मतदाताओं कि संख्या -13,929 महिला मतदाता की संख्या-2,566 पुरुष मतदाता की संख्या -7,363 मुखिया प्रत्याशियों की संख्या -14सरपंच प्रत्याशियों की संख्या -05पंसस सदस्य-पूर्वी से प्रत्याशियों की संख्या -7 -पश्चिमी से प्रत्याशियों की संख्या-11 वार्डों की संख्या-17पंचायत की मूल समस्या – पकरीबरावां वार्ड नं 4 में अवस्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र के रास्ते चलकर बसने वाली यादव टोली में कुल 25 घर है. इनमें आज तक न तो नाली का निर्माण कराया गया है और न ही सोलिंग. इसके कारण उक्त टोले के लोग अपने-अपने घरों के सामने ही नाली का पानी गिराने को मजबूर हैं. सोलिंग का निर्माण नहीं होने से वर्षा में लोगों को कीचड़ से गुजर कर जाना पड़ता है.वार्ड न0 5 में स्थित शांति नगर पईन का पूरे तरीके से अतिक्रमण व सफाई के अभाव में नारकीय स्थित का कारण बन जाती है.वर्षा के दौरान पईन का पानी आहर से निकलकर आगे न बहकर उक्त मोहल्ले में ही आ जाता है. इससे मोहल्ला जलमग्न हो जाता है. फलत: बाढ की स्थिति उत्पन्न हो जाती है. पूरे टोले मे लगभग 30 परिवार ऐसे हैं जिनके पास चापाकल नहीं है. सरकारी स्तर पर एक भी चापाकल नहीं लगाये गये हैं. इससे लगभग 2 सौ से अधिक घरों वाला यह नगर लगभग सभी सुविधा से वंचित है. हसनगंज गांव दक्षिणी पंचायत का पांचवा बड़ा गांव है. यहां भी सोलिग नाली की समस्या आज तक बनी हुई है. उक्त गांव जाने के लिये पिछले तीन वर्ष पूर्व ही पक्की सड़क का निर्माण कार्य शुरू किया गया था. परन्तु मोरंग के बाद आज तक किसी प्रकार का कार्य प्रारंभ नहीं हो सका है. पंचायत का पिंड़पड़वा ,केसोचक,जिलवरिया,करतारा,बरतारा जैसे गांव के लोग आज तक पक्की सड़कों के निर्माण के बांट जोह रहे हैं .पक्की सड़क के निर्माण नहीं होने से उक्त सभी गांव के लोगों को कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ता है. उच्चतर शिक्षा की कोई व्यवस्था भी नहीं है. उक्त गांव की दुरी प्रखंड मुख्यालय से तीन से चार किलोमीटर के करीब है .इसके कारण यहां के बच्चों को पैदल या झरझरी रिक्सा की सहायता से जान हथेली पर लेकर उच्च शिक्षा पाने के लिये मुख्यालय आना पड़ता है.करतारा बरतारा में निर्मित बुनकर भवन का कोई लाभ यहां के बुनकरों को नहीं मिल पा रहा है. पकरीबरावां दक्षिणी का मुसहरी टोला जहां सरकारी स्तर पर प्राथमिक विधालय मुसहरी का निर्माण किया गया है. क्या कहती है जनता- पूर्व मुखिया द्वारा गांव में विकास कार्य तो किया गया है परन्तु जितनी अपेक्षा की जाती थी उतना विकास उनके द्वारा नहीं कराया गया है.मुख्य मार्ग से गांव को जोड़ने वाली पक्की सड़कें विगत तीन वर्ष से बिल्कुल जर्जर हो चुकी है. सड़क निर्माण का कार्य तीन वर्ष पूर्व ही शुरू हुई थी, परन्तु मोरम के बाद आज तक किसी प्रकार का कार्य नहीं हो रहा है.सड़क निर्माण नहीं होने से सबसे अधिक परेशानी रोगियों को हो रही है.हीरा यादव,हसनगंज- गांव की सड़कों पर बड़े बड़े गड्ढे बन चुके हैं .गांव के लोग जान हथेली पर लेकर चलने को मजबुर हैं. गांव के मुख्य रास्ते पर ही सरकार द्वारा बुनकर भवन का निर्माण किया गया है. परन्तु उसका कोई लाभ किसी भी बुनकर परिवार के लोगों को नहीं मिल पा रहा है.इस क्षेत्र में आज तक किसी जनप्रतिनिधि द्वारा विशेष पहल नहीं किया गया है. इससे यह मृत प्राय है.प्रकाश पाल,ककरतारा-प्रखंड मुख्यालय का दक्षिणी पंचायत सबसे पिछड़ा पंचायत है.आज तक इस वार्ड में कोई बड़ा विकास कार्य किया गया ही नहीं है.वार्ड में एक भी सोलिंग व पीसीसी नहीं कराया गया है.नाली का निर्माण घटिया किस्म से कम गहरायी पर कराया गया है. इससे नाली प्राय: बंद पड़ जाता है.विक्की यादव,वार्ड न 06 -पंचायत का सबसे पिछड़ा वार्ड वार्ड नं 5 है. आज तक पूर्व मुखिया द्वारा 10 वर्ष के काल में मात्र एक विकास का कार्य कराया गया है .वो भी महज 100 फीट की सोलिंग उसके अलावा एक भी कार्य नहीं कराये गये हैं. पैईन की सफाई भी नहीं कराई गयी है. इससे आहर का पानी मोहल्ले में प्रवेश कर जाता है और बाढ कि स्थिति उत्पन्न हो जाती है.मुखिया द्वारा सिर्फ चुनाव के समय मोहल्ले के लोगों से संपर्क किया जाता है उसके बाद वे कहां छिप जाते हैं यह बताना मुष्किल है. शैलेश पांडेय,वार्ड नं 5
कहीं नहीं दिख रहा विकास का काम
कहीं नहीं दिख रहा विकास का काम फोटो-परकरीबरावां/2पकरीबरावां पकरीबरावां की दक्षिणी पंचायत में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर तैयारी जोरों पर है. चौथे चरण में होनेवाले पंचायत चुनाव की तिथि छह मई को तय कर दी गयी है. इस पंचायत में कई दिग्गजों का भविष्य दांव पर है. कुल मतदाताओं कि संख्या -13,929 महिला मतदाता […]
