अकबरपुर : पंचायत चुनाव का समय जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है प्रत्याशी अपने-अपने क्षेत्रों में जाकर वोटरों के बीच अपनी दमदार उपस्थित दर्ज करा रहे हैं. इसके साथ ही कोई किसी को फेसबुक से तो कोई व्हाइट अप ग्रुप बनाकर वोटरों व जनता को लुभाने का प्रयास कर रहे हैं.
जनता प्रत्याशी से एक कदम आगे आकर सभी प्रत्याशियों का मनोबल ऊंचा करने के लिए सभी के साथ अपनी उपस्थिति दर्ज करवा प्रत्याशियों को चकमा दे रहे हैं.
प्रत्याशियों द्वारा जनता का मन टटोलने के लिए विभिन्न प्रकार के हथकंडे अपनाये जा रहे हैं. कोई अपने वादों व मुद्दों का बैनर लिखवा कर पंचायत में पड़ने वाले गांवों में जाकर लटका रहे हैं, तो कोई रुपये से वोटर खरीदने का दावा कर रहे हैं. इस बार जनता इतना चलाक है कि किसी को कुछ भी साफ-साफ बताने को तैयार नहीं है. मुखिया को लेकर प्रखंड का बलिया बुर्जूग सीट काफी हाट सीट है.
आरक्षण के कारण यह सीट अनारक्षित महिला है. यहां दो पूर्व मुखिया व प्रखंड उपप्रमुख का दाव इस पर लगा हुआ है. वह प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रूप से इस क्षेत्र का 13 वर्ष से प्रतिनिधित्व कर रहे हैं. अब जनता सभी प्रत्याशियों के रिझाने के बाद कौन सा फैसला करेगी यह काफी दिलचस्प होगा. चाय-पान की गुमटियों पर पंचायत चुनाव की चर्चा काफी जोर पकड़ चुका है.
सभी अपने-अपने प्रत्याशियों की जीत सुनिश्चित करने के लिए अपनी तरह से क्षेत्र में लगे हुए हैं. बलिया बुर्जूग का अधिकतर क्षेत्र बाजार का है, इसलिए प्रत्याशियों को अबतक कुछ भी समझना काफी मुश्किल हो रहा है. चुनाव चिह्न का आवंटन के साथ ही प्रसार काफी तेज हो जायेगा.
