होली के दूसरे दिन बुढ़वा ओली के अवसर पर युवाओं ने टोली बना कर शहर के कई जगहों पर मटके फोड़ मटके फोड़ने के लिए युवाओं में प्रतिस्पर्द्धा होती रही़
नवादा (नगर) : बुढ़वा होली के अवसर पर शहर में कई स्थानों पर मटका फोड़ कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस दौरान युवाओं ने मानव पिरामिड बना कर मटका फोड़ा. शहर के मेन रोड, पुरानी कचहरी रोड, अस्पताल रोड, पुरानी बाजार, गढपर, न्यू एरिया, राम नगर, पुल पार, स्टेशन रोड व मिरजापुर आदि दर्जनों स्थानों पर दोपहर बाद से ही युवाओं की टोली जमा होने लगी. देखते ही देखते रंगों की बरसात शुरू हो गया.
एक सुंदर ओर आकर्षक मटका को लोगों ने दो मकानों की छत से बांधा. इसे सुंदर तरीके से सजा गया था. फिर इन मटकों को तोड़ने की कवायद शुरू हुई. कभी कोई और तो कभी कोई और. ऊपर चढ़ता और तेज पानी फुहार के साथ धड़ाम से नीचे गिरता. घंटों युवाओं का यह करतब चलता रहा. अंतत: मटका फोड़ के आयोजन को सार्थक बनाया गया.
एक सूत्र में बांधे रखने का देता हैं संदेश
बताया जाता है होली मनाने का यह तरीका मगध की परंपरा से अलग है. यहां बुढ़वा होली को झुमटा का आयोजन कर अपनी परंपरा का रूप दिया जाता है. पर बड़े शहरों की नकल करते युवाओं की टोली ने इसे अपनाया है. युवाओं ने बताया कि यह होली का बंबइया स्टाइल है. यह सामूहिक रूप से युवाओं को किसी बड़ी जीत के लिए प्रेरित करता है. साथ ही हमें एक सूत्र में बांधे रखने का संदेश देता है.
पानी की होती है बरबादी
मटका फोड़ आयोजन के दौरान पूरे कार्यक्रम तक पानी का फुहार बहाया जाता है. यह पानी पीने योग्य होता है. घंटे भर की खुशी में हम हजारों लीटर पानी को बरबाद कर दिया जाता है. वह भी तब जब जिले के कई हिस्सों में पीने के पानी का संकट शुरू हो गया है. होली का यह नया एडिशन हमें जल संकट की ओर ले जानेवाला है.
गश्त करती रही पुलिस
मटका फोड़ होली के दौरान शहर के विभिन्न हिस्सों में पुलिस बल गश्त करती रही. कहीं किसी प्रकार की अनहोनी न हो लिहाजा जिला पुलिस बल चौक-चौराहों पर तैनात थी. संवेदनशील स्थानों पर दंडाधिकारियों की मौजूदगी भी देखी गयी. पूरे शहर में शांति व सद्भाव के साथ होली मनायी गयी. इस दौरान जुम्मे की नमाज को लेकर पुलिस ज्यादा ही चौकस दिखी.
