चूड़ा कुटाई का रेट बढ़ने से परेशानी सिरदला. खेतों में धान कटने के साथ ही चुड़े की मांग बढ़ने लगी है. मिलों में धान का चुड़ कुटाने वालों की भीड़ जुटने लगी हैं. पिछले साल की तुलना में इस साल धान कुटाने का रेट 20 रुपये प्रति मन बढ़ गया है. लेकिन, इस वर्ष डीजल के दामों में गिरावट आयी है. मकर सक्रांति की तैयारी भी अभी से शुरू हो गयी है. प्रखंड में महज तीन चूड़ा मिल हैं. राजकीय उच्च पथ-70 पर कुसाहन स्थित चूड़ा मिल संचालक प्रगाश यादव व लालू कुमार ने बताया कि कोयला, लेबर, मेंटेनेंस खर्च बढ़ने के कारण इस बार 20 रुपये प्रति मन धान कुटाई का रेट बढ़ है. उन्होंने ने बताया कि एक मिल प्रतिदिन सीजन 40 मन धान कूटता है. इन दिनों 200 से 220 रुपये प्रतिमन धान कुटाई की दर है. इधर, किसानों का कहना है कि मिल संचालकों के लागत के हिसाब से चूड़ा कुटाई का दर ज्यादा है. इन चीजों पर सरकार का कोई नियंत्रण नहीं रहता है. यह बेवजह महंगायी को बढ़ावा दे रहा है.
चूड़ा कुटाई का रेट बढ़ने से परेशानी
चूड़ा कुटाई का रेट बढ़ने से परेशानी सिरदला. खेतों में धान कटने के साथ ही चुड़े की मांग बढ़ने लगी है. मिलों में धान का चुड़ कुटाने वालों की भीड़ जुटने लगी हैं. पिछले साल की तुलना में इस साल धान कुटाने का रेट 20 रुपये प्रति मन बढ़ गया है. लेकिन, इस वर्ष डीजल […]
