सरकार की उदासीनता से किसान हो रहे बरबाद

नवादा (नगर) : अखिल भारतीय किसान सभा की नवादा इकाई ने बुधवार को समाहरणालय स्थित रैन बसेरा में आठ सूत्री मांगों को लेकर धरना दिया गया. उनकी मांगों में क्रय केंद्र खोल कर धान खरीदारी करने, विगत वर्ष के बकाया रुपये का भुगतान करने, कृषि फसलों का लाभकारी कीमत तय करने, वारिसलीगंज चीनी मिल को […]

नवादा (नगर) : अखिल भारतीय किसान सभा की नवादा इकाई ने बुधवार को समाहरणालय स्थित रैन बसेरा में आठ सूत्री मांगों को लेकर धरना दिया गया. उनकी मांगों में क्रय केंद्र खोल कर धान खरीदारी करने, विगत वर्ष के बकाया रुपये का भुगतान करने, कृषि फसलों का लाभकारी कीमत तय करने, वारिसलीगंज चीनी मिल को अविलंब चालू करने आदि शामिल था.
सभा के जिला सचिव व अध्यक्ष राम किशोर सिंह के नेतृत्व में व राजेंद्र यादव की अध्यक्षता में आयोजित धरने को संबोधित करते हुए किसानों ने कहा कि केंद्र सरकार की किसान विरोधी नीतियों व प्रदेश सरकार की उदासीनता के कारण जिले के किसान तबाह व बरबाद हो रहे हैं. सिंचाई की समुचित सुविधा नहीं होने के कारण हमेशा फसल मारी जाती है. कठिन परिश्रम से फसल उपज करने के बाद भी किसानों को लाभकारी मूल्य नहीं मिल पाता है.
सरकार की उदासीनता के कारण ही जिले के किसान खेती छोड़कर दूसरे कार्य तलाश रहे हैं. फसल बीमा की गारंटी नहीं है. क्रय केंद्र चालू नहीं होने से किसानों को काफी फजीहत होती है.
धरने के दौरान किसानों ने अपर सकरी परियोजना या बकसोती सिंचाई योजना पूरा करने, पहले से गाड़े गये ट्यूबवेल को अविलंब चालू करने, कृषि से जुड़े 60 वर्ष से ऊपर के किसानों को पांच हजार रुपये प्रतिमाह पेंशन देने व परंपरागत जमींदारी आहरों, पोखरों, नालों, पइनों का जीर्णोद्धार करने की मांग की गयी. धरने में राज किशोर शर्मा, गोविंद प्रसाद, ब्रह्मदेव प्रसाद, अर्जुन सिंह, राजेंद्र वर्मा, राजेंद्र यादव, सुबोध प्रसाद सिंह, अनिरूद्ध सिंह सहित दर्जनों किसान शामिल थे.

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