नवादा : बारिश के बाद मौसम के यू टर्न लेने से तपिश बढ़ गयी है़ लोग ऊमस भरी गरमी से परेशान हैं. वहीं कई मौसमी बीमारियों की चपेट में आनेवालों की तादाद भी बढ़ने लगी है़ सदर अस्पताल व प्राइवेट क्लिनिकों में मरीजों की संख्या बढ़ी है़ मौसमी बीमारियों की वजह से ही जिले के […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
नवादा : बारिश के बाद मौसम के यू टर्न लेने से तपिश बढ़ गयी है़ लोग ऊमस भरी गरमी से परेशान हैं. वहीं कई मौसमी बीमारियों की चपेट में आनेवालों की तादाद भी बढ़ने लगी है़ सदर अस्पताल व प्राइवेट क्लिनिकों में मरीजों की संख्या बढ़ी है़ मौसमी बीमारियों की वजह से ही जिले के सभी पीएचसी व स्वास्थ्य केंद्रों को अलर्ट कर दिया गया है़
पिछले दिनों हुई लगातार बारिश के बाद अचानक ऊमस भरी गरमी के साथ तेज धूप ने जीना मुहाल कर दिया है़ इस मौसम में बच्चों को बीमार होने का खतरा बढ़ गया है़ वायरल मच्छरों की संख्या भी बढ़ी है़ अन्य दिनों की तुलना में इन दिनों सरकारी अस्पतालों में मरीजों की संख्या 25 फीसदी बढ़ गयी है़ यही हाल प्राइवेट क्लिनिकों की भी है़ ग्रामीण इलाकों में नन हाइजिनिंग की वजह से लोग जल्दी मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं.
क्या कहते हैं चिकित्सक
बरसात के दिनों में बच्चों के प्रति सचेत रहने की जरूरत है़ इस मौसम में बच्चे अधिक बीमार होते हैं़ उनके रहन-सहन तथा खान-पान के प्रति सावधानी बरतने की जरूरत है़ ऐसे मौसम में पानी को उबाल कर पीना चाहिए़ खाना ताजा .और स्वच्छ रखें़ बाहर का खाना एवं तली हुई चीजें न लें़ इन दिनों डेंगू मच्छरों से बचाव के लिए सभी को फुल शर्ट पहनना चाहिए, डेंगू का प्रकोप दिन में रहता है़ रात में मच्छरदानी का हमेशा प्रयोग करना चाहिए़ बरसात में बच्चों को पानी में भीगने से रोकें और नदी तालाब आदि जगहों पर नहाने से भी मना करें़ नवजात व छह माह तक के बच्चों को हमेशा मां का ही दूध पिलाना चाहिए़ मां को भी सतर्क रहने की जरूरत है़