बिहारशरीफ : नालंदा समेत सूबे के 11 जिलों के चिकित्सक बेंगलुरु में टीबी बीमारी के इलाज के बेहतर गुर सीखेंगे. नालंदा जिले से उपाधीक्षक सह अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी संचारी रोग (एडिशनल एसीएमओ) काे ट्रेनिंग के लिए राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी यक्ष्मा विभाग ने नामित किया है.
बिहार के 11 डॉक्टर बेंगलुरु में सीखेंगे इलाज के गुर
बिहारशरीफ : नालंदा समेत सूबे के 11 जिलों के चिकित्सक बेंगलुरु में टीबी बीमारी के इलाज के बेहतर गुर सीखेंगे. नालंदा जिले से उपाधीक्षक सह अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी संचारी रोग (एडिशनल एसीएमओ) काे ट्रेनिंग के लिए राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी यक्ष्मा विभाग ने नामित किया है. राज्य यक्ष्मा विभाग के निर्णय के आलोक में एडिशनल […]

राज्य यक्ष्मा विभाग के निर्णय के आलोक में एडिशनल एसीएमओ डाॅ रवींद्र कुमार टीबी के बेहतर इलाज के गुर सीखने के लिए बंगलोर रवाना हो गये हैं. नालंदा एडिशनल एसीएमओ डाॅ कुमार के अलावा राज्य के 11 जिलों के उपाधीक्षक सह सहायक अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, संचारी रोग बेंगलुरु में इलाज की नयी पद्धति की जानकारी टीबी रोगों के विशेषज्ञों से सीखेंगे.
राष्ट्रीय क्षय संस्थान, बेंगलुरु में मॉडलर ट्रेनिंग लेंगे
यक्ष्मा बीमारी के आधुनिक तरीके से इलाज के लिए संबंधित एडिशनल एसीएमओ राष्ट्रीय क्षय संस्थान, बेंगलुरु में मॉडलर प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे. उक्त संस्थान में जाने-माने टीबी रोग के विशेषज्ञ उक्त एडिशनल एसीएमओ को नयी पद्धति समेत महत्वपूर्ण चिकित्सा से जुड़े टिप्स बतायेंगे. पुनरीक्षित यक्ष्मा नियंत्रण कार्यक्रम के तहत मॉडलर ट्रेनिंग देने की व्यवस्था सरकार ने की है.
एक से 13 फरवरी तक सीखेंगे बेहतर टिप्स:
राष्ट्रीय क्षय संस्थान, बेंगलुरु में उक्त पदाधिकारी 13 दिनों तक टीबी बीमारी के आधुनिक तरीके से चिकित्सा करने के उद्देश्य से बेहतर टिप्स सीखेंगे. राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी, यक्ष्मा उपनिदेशक, यक्ष्मा कार्यक्रम कार्यालय, अगमकुआं, पटना के कार्यक्रम के तहत एक से 13 फरवरी, 2016 तक ट्रेनिंग दी जायेगी. संबंधित चिकित्सकों को आरएनटीसीपी के तहत यात्रा एवं दैनिक भत्ता का भुगतान संबंधित संस्थान, जिला स्वास्थ्य समिति द्वारा प्रशिक्षण मद से सुविधाएं उपलब्ध करायी जायेंगी.
इन एडिशनल एसीएमओ सीखेंगी गुर
नालंदा के अपर उपाधीक्षक सह सहायक अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी संचारी रोग, डाॅ रवींद्र कुमार, भागलपुर के डाॅ अंजनी कुमार, भोजपुर के डाॅ बीके प्रसाद, जमुई के डाॅ बिजेंद्र सत्यार्थी, जहानाबाद के डाॅ कौशलेंद्र कुमार सिंह, कैमूर के डाॅ अकरम अली, कटिहार के डाॅ लक्ष्मी रंजन प्रसाद, किशनगंज के डाॅ एसए खान, मधुबनी के डाॅ अमरेंद्र नारायण झा, मुजफ्फरपुर के डाॅ गणेश सिंह एवं नवादा के डाॅ वासुदेव प्रसाद वर्मा शामिल हैं. सहायक अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डाॅ रवींद्र कुमार ने बताया कि सरकार की योजना है कि टीबी मरीजों को बेहतर चिकित्सा सेवा उपलब्ध करानी है.