बिहारशरीफ : क्राइम कंट्रोल में किंग मेकर की भूमिका निभाने का दावा करनेवाली नालंदा पुलिस बेचारी बनी हुई है. बैंक लूट से लेकर बड़ी आपराधिक घटनाओं के उद्भेदन में पसीने छूट रहे हैं. अपराधी खुल्लम-खुला दिनदहाड़े बड़ी घटनाओं को अंजाम देकर चंपत हो जाने में कामयाब हो रहे हैं. हालांकि कुछ एक मामलों में पुलिस […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
बिहारशरीफ : क्राइम कंट्रोल में किंग मेकर की भूमिका निभाने का दावा करनेवाली नालंदा पुलिस बेचारी बनी हुई है. बैंक लूट से लेकर बड़ी आपराधिक घटनाओं के उद्भेदन में पसीने छूट रहे हैं. अपराधी खुल्लम-खुला दिनदहाड़े बड़ी घटनाओं को अंजाम देकर चंपत हो जाने में कामयाब हो रहे हैं.
हालांकि कुछ एक मामलों में पुलिस को बड़ी सफलताएं भी हाथ लगी है. करीब ढाई वर्ष पूर्व शहर में सीसीटीवी कैमरे लगाने की बात पुलिस के आलाधिकारियों द्वारा कही गयी थी.
इसको लेकर नालंदा पुलिस अधीक्षक के समीप एक पीसीआर (पुलिस कंट्रोल रूम) की स्थापना की गयी थी. पीसीआर का उद्घाटन बिहार के तत्कालीन डीजीपी अभयानंद द्वारा किया गया था.
तब के समय बताया गया था कि शहर के आठ प्रमुख चौक-चौराहों पर सीसीटीवी लगाये जायेंगे. इसकी पीसीआर से सीधे निगरानी की जायेगी. घोषणा के ढाई वर्षों बाद भी स्थिति में किसी तरह का बदलाव नहीं हो पाया है.
पीसीआर में बाबू काटते हैं समय : एसपी कार्यालय के समीप बने पीसीआर (पुलिस कंट्रोल रूम) पर तैनात पुलिस अधिकारी सिर्फ समय काटते हैं. अंदर लगा चार बड़ा एलसीडी मनोरंजन का वस्तु बन कर रह गया है. उक्त एलसीडी पर देश-दुनिया से संबंधित समाचार व क्रिकेट मैच का सीधा प्रसारण देखा जाता है. वस्तुत: पीसीआर में लगाये गये चारों एलसीडी सीसीटीवी की निगरानी को लेकर लगाया गया था.
पीसीआर में लगा पुलिस विभाग का इमरजेंसी कॉल सिस्टम भी पिछले 48 घंटों से खराब पड़ा है. सिस्टम के खराब होने से कोई भी अपनी पीड़ा व शिकायत वहां तक नहीं पहुंचा सकता है. पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि इस सेवा को लागू करने की प्रक्रिया अपने अंतिम चरण में है. निकट भविष्य में शहर के आठ प्रमुख चौक पर सीसीटीवी लगा दिये जायेंगे.
यातायात पुलिस के भरोसे चौक-चौराहे : शहर के सभी प्रमुख चौक ट्रैफिक पुलिस के जिम्मे है. नो इंट्री में पैसे के बल पर बड़े वाहनों को इस पार से उस पार भेजने वाली यातायात पुलिस किस हाल में अपराधियों के साथ लोहा लेगी यह सोचने वाली बात है. अभी पिछले दिनों दिनदहाड़े शहर के लहेरी थाने के रांची रोड स्थित भारतीय जीवन बीमा निगम के कार्यालय के पास बाइक सवार अपराधियों ने एक फौजी से पचास हजार रुपये लूट कर हॉस्पिटल चौक की ओर फरार हुए थे.
अगर उक्त चौक पर सीसीटीवी लगी होती, तो अपराधियों की गिरफ्तारी काफी आसान हो सकती थी. पीसीआर में ड्यूटी पर तैनात दारोगा चंदेश्वर यादव बताते हैं कि शिकायत आने पर हम उसे यहां के एक रजिस्टर पर अंकित करते हैं. तत्काल वरीय पुलिस अधिकारी को टेलीफोन पर देते हुए संबंधित थानाध्यक्ष को भी मामले की जानकारी देते हैं.